आबकारी अधिनियम के मामले में आरोपी को एक दिन की सजा, 2500 रुपये जुर्माना
न्यायालय में प्रभावी पैरवी से शामली पुलिस को मिली सफलता, जुर्माना न देने पर सात दिन का अतिरिक्त कारावास
नेशनल प्रेस टाइम्स, ब्यूरो
चौसाना। शामली पुलिस की प्रभावी पैरवी के चलते आबकारी अधिनियम के पुराने मामले में न्यायालय ने आरोपी को सजा सुनाई है। न्यायालय ने अभियुक्त को एक दिन के कारावास और 2,500 रुपये के अर्थदंड से दंडित किया। अर्थदंड जमा नहीं करने की स्थिति में अभियुक्त को सात दिन का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।
पुलिस के अनुसार, वर्ष 2018 में चौसाना निवासी बिजेंद्र पुत्र सिंगारु के खिलाफ थाना झिंझाना में मु0अ0सं0 778/2018, धारा 60(1) आबकारी अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज किया गया था। मामले की सुनवाई के दौरान शामली पुलिस की ओर से न्यायालय में प्रभावी एवं सशक्त पैरवी की गई।
इसी पैरवी के परिणामस्वरूप 19 अगस्त 2026 को माननीय न्यायालय ने मामले में फैसला सुनाते हुए अभियुक्त बिजेंद्र को एक दिन की सजा तथा 2,500 रुपये के अर्थदंड से दंडित किया।
न्यायालय ने यह भी प्रावधान किया है कि यदि अभियुक्त अर्थदंड की राशि जमा नहीं करता है तो उसे सात दिवस का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।
शामली पुलिस के अनुसार अपराधियों को उनके किए की सजा दिलाने के लिए अभियोजन पक्ष के साथ समन्वय बनाकर न्यायालय में प्रभावी पैरवी की जा रही है। पुलिस का कहना है कि आपराधिक मामलों में दोषियों को न्यायालय से सजा दिलाने की कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी।

