ललितपुर
एलयूसीसी के आरोपियों की सम्पत्ति कुर्क की कार्यवाही शुरू
गुडलक कॉम्पलेक्स में बना एलयूसीसी ऑफिस हुआ कुर्क

नेशनल प्रेस टाइम्स, ब्यूरो
ललितपुर : लएलयूसीसी नाम की चिटफण्ड कम्पनी बनाकर हजारों लोगों की गाढ़ी कमाई का रुपया धोखाधड़ी व कूटरचित दस्तावेज बनाकर हड़प करने वाले महाठगों के खिलाफ एफआईआर और गैंगस्टर की कार्यवाही के बाद अब कम्पनी के जरिए हड़प की गयी रकम से बनायी करोड़ों रुपये की सम्पत्ति को कुर्क करने की प्रक्रिया जिला मजिस्ट्रेट के आदेश पर शुरू की गयी है। मामले की जानकारी देते हुये एसपी मो.मुश्ताक ने बताया कि कोतवाली ललितपुर, तालबेहट व थाना जाखलौन के अलावा अन्य थानों में दर्ज एफआईआर के आधार पर यह कार्यवाही की जा रही है, जो कि आगे भी जारी रहेगी।
गौरतलब है कि जिले में एलयूसीसी चिटफण्ड कम्पनी बनाकर लोगों से कम समय में रुपया दोगुना करने का प्रलोभन दिया गया। तो वहीं धोखाधड़ी करते हुये कूटरचित दस्तावेज बनाकर लोगों के रुपये एलयूसीसी कम्पनी में निवेश कराये गये। करीब एक दशक तक चले इस प्रकरण में जब निवेशकों को उनके द्वारा दिये गये रुपयों को दोगुना करने की समयावधि परिपक्व हुयी और रुपये वापस मांगे गये तो रुपये वापस न करते हुये निवेशकों को धमकाया गया। कई बार शिकायतें होने के बावजूद भी कार्यवाही नहीं हो सकी। लेकिन ललितपुर में एसपी मो.मुश्ताक ने कार्यभार संभालने के कुछ समय बाद ही एलयूसीसी समेत कई अन्य चिटफण्ड कम्पनियां जो कि ललितपुर में जमी हुयी थीं और लोगों का रुपया एकत्र कर सम्पत्तियां बनाने में जुटी थीं, पर जांच-पड़ताल शुरू कर दी। फिर क्या था, इस प्रकरण में ललितपुर जिले में पहला मामला पुलिस द्वारा दर्ज किया गया। मामला दर्ज होते ही निवेशकों में उम्मीद जागी और जिले के कौने-कौने से एलयूसीसी में रुपया निवेश करने वाले लोगों ने पुलिस से कार्यवाही की मांग की। हुआ यूं कि ललितपुर की सदर कोतवाली, तालबेहट कोतवाली, जाखलौन के अलावा कई थानों में एलयूसीसी के सरगनाओं और एजेण्टों के खिलाफ एफआईआर दर्ज हुयीं। एसपी मो.मुश्ताक के निर्देशन में एलयूसीसी के सरगना मोहल्ला रामनगर निवासी रवि तिवारी पुत्र तिलकराम तिवारी, उसके भाई राहुल तिवारी, आलोक कुमार जैन, सतीश कुमार जैन समेत कई बड़े नाम चर्चाओं में आये, जिन्हें पुलिस ने गिरफ्तार कर जेल भेजा। करीब दर्जन भर से अधिक आरोपियों को एलयूसीसी प्रकरण में जेल भेजा गया। तो वहीं जेल भेजे गये अभियुक्तों के खिलाफ गैंगस्टर की कार्यवाही भी प्रचलित की गयी। हालांकि एलयूसीसी के कुछ आरोपियों को न्यायालय से जमानत मिली और वह बाहर आ गये। लेकिन एलयूसीसी के बड़े नामों में शुमार रवि तिवारी समेत कई लोग अभी भी जेल में निरूद्ध हैं।
इधर पुलिस अधीक्षक मो.मुश्ताक के नेतृत्व में जिला मजिस्ट्रेट द्वारा एलयूसीसी के रवि तिवारी समेत दस आरोपियों के खिलाफ करीब 8 करोड़ 40 लाख 2 हजार रुपये की सम्पत्ति को कुर्क करने का आदेश दिया गया है। इसी आदेश को लेकर एसपी के आदेश पर मजिस्ट्रेट तहसीलदार सदर, सीओ सदर अजय कुमार, शहर कोतवाल अनुराग अवस्थी, निरीक्षक नरेन्द्र सिंह ने भारी पुलिस बल के साथ तुवन चौराहा के पास स्थित गुडलक कॉम्प्लेक्स में बनाये गये एलयूसीसी के ऑफिस जिसकी अनुमानित कीमत 2 करोड़ 52 लाख 1000 रुपये आंकी जा रही है को कुर्क किया गया।
निरीक्षक ने दी सार्वजनिक सूचना, करायी मुनादी
तुवन चौराहा के पास गुडलक कॉम्प्लेक्स पहुंचे पुलिस सर्वप्रथम घेराबंदी की। इसके बाद निरीक्षक नरेन्द्र सिंह ने माइक लेकर सार्वजनिक रूप से पूरे प्रकरण की जानकारी देते हुये न्यायालय के आदेश का हवाला देकर उक्त सम्पत्ति को कुर्क करने की बात कही। इस दौरान ढोल पिटवाकर मुनादी भी करायी गयी।
इनका कहना है …
एलयूसीसी चिटफण्ड कम्पनी ने पैसा डबल करने के नाम पर बड़े स्तर का फ्रॉड किया गया था। इसमें जो अभियुक्त थे, उनमें 10 अभियुक्तों द्वारा बनायी गयी करीब 8 करोड़ 40 लाख रुपये कीमत की बनायी गयी सम्पत्ति में जमीन, भवन व वाहन अर्जित किये गये थे, पर कुर्की की कार्यवाही की जा रही है और जो अन्य राज्यों में भी सम्पत्ति अर्जित की गयी है, उस पर भी कार्यवाही की जायेगी।
मो.मुश्ताक, पुलिस अधीक्षक ललितपुर



