मथुरा
मथुरा यमुना के नए पुल पर फिर हुए गड्ढे, चालक परेशान

नेशनल प्रेस टाइम्स, ब्यूरो
मथुरा। मथुरा से जमुनापार जाने के लिए बने नए पुल की सड़क एक बार फिर खराब होने लगी है। पुल पर जगह-जगह गहरे गड्ढों ने आवागमन खतरनाक बन गया है। यहां गुजरने वाले वाहन चालकों को गड्ढों से होकर अपने वाहनों को निकालने में काफी परेशानी झेलनी पड़ रही है, लेकिन जिम्मेदार अधिकारी इस ओर ध्यान नहीं दे रहे। गौरतलब है कि फरवरी 2018 में मुख्यमंत्री योगी ने यमुना के नए पुल का उद्घाटन किया था। इसका निर्माण सेतु निगम एवं पीडब्ल्यूडी निर्माण खंड एक ने करीब 80 करोड़ रुपए से किया था। उद्घाटन के छह माह बाद से ही इस पुल की सड़क उखड़ने लगी थी। बार बार इसकी खामियों को ढक दिया जाता है। उसके बाद वह पुन: उजागर होने लगती हैं। निर्माण में खामियों की शिकायतों पर पूर्व गृह मंत्री राजनाथ सिंह ने इसकी जांच हाईलेवेल कमीशन को सौंपी थी। इस जांच के बाद भी आज तक कोई परिणाम निकल कर समाने नहीं आए हैं। अब एक बार फिर पुल की सीमेंटेड सड़क में गहरे गड्ढे हो गए हैं। उनकी सरिया भी निकलकर बाहर आ गई है। इसकी मरम्मत एवं रख रखाव की जिम्मेदारी को लेकर सेतु निगम और हाइवे ऑथोरिटी एक-दूसरे पर ठीकरा फोड़ते नजर आ रहे हैं। सेतु निगम का कहना है कि अब इस पुल की देखरेख राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण की जिम्मेदारी है। उन्होंने इसे हाइवे ऑथोरिटी को हस्तांतरित कर दिया है। जबकि हाइवे ऑथोरिटी द्वारा भी अभी तक इस पुल की कोई सुध नहीं ली गई है। इस पुल की सड़क पहले भी कई बार टूट चुकी है और हर बार केवल औपचारिक मरम्मत करके मामले को रफा-दफा कर दिया जाता है। अब एक बार फिर से हालात वैसे ही हो गए हैं। स्थानीय लोगों की मांग हैं कि पुल की स्थाई मरम्मत कर इसकी गुणवत्ता पर कड़ी निगरानी रखी जाए, ताकि दोबारा ऐसी समस्या उत्पन्न न हो। मोहित कुमार, डीपीएम सेतु निगम ने कहा, यमुना नदी के पुल का निर्माण वर्ष 2018 में सेतु निगम एवं पीडब्ल्यूडी ने करवाया था। इसे सेतु निगम ने हाइवे ऑथोरिटी को हैंडओवर कर दिया है। अब पुल की देखरेख की जिम्मेदारी हाइवे ऑथोरिटी की है। वही पुल के गड्ढों को सही करवाएगा ।



