राजनीतिराष्ट्रीय

पीएम मोदी से मिले सीएम योगी मंत्रिमंडल विस्तार और मिशन 2027 पर हुआ मंथन

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रधानमंत्री मोदी से मुलाकात कर उत्तर प्रदेश मंत्रिमंडल विस्तार और 2027 विधानसभा चुनाव की रणनीतियों पर चर्चा की है। यह बैठक नए प्रदेश अध्यक्ष पंकज चौधरी की नियुक्ति के बाद हो रही है, जिससे मकर संक्रांति के बाद संभावित कैबिनेट फेरबदल की अटकलें तेज हो गई हैं।
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सोमवार को प्रधानमंत्री मोदी से प्रधानमंत्री आवास पर मुलाकात की। इस मुलाकात के दौरान दोनों नेताओं ने मंत्रिमंडल विस्तार और 2027 के चुनावों से संबंधित मुद्दों पर चर्चा की। उन्होंने राज्य की विकास योजनाओं के साथ-साथ आगामी चुनावों के लिए राजनीतिक रणनीति पर भी चर्चा की। प्रधानमंत्री मोदी से मुलाकात के बाद, मुख्यमंत्री योगी के दोपहर 3:30 बजे भाजपा अध्यक्ष जेपी नड्डा से मुलाकात करने की उम्मीद है। यह मुलाकात ऐसे समय में हो रही है जब उत्तर प्रदेश में मंत्रिमंडल विस्तार को लेकर चचार्एँ तेज हो रही हैं।
पंकज चौधरी को उत्तर प्रदेश भाजपा का नया अध्यक्ष नियुक्त किए जाने के बाद, राज्य मंत्रिपरिषद का लंबे समय से प्रतीक्षित विस्तार और संगठन में बदलाव पार्टी के एजेंडे में अगला कदम है। मंत्रिमंडल विस्तार संभवत: 14-15 जनवरी, 2026 को मकर संक्रांति के त्योहार के बाद होगा। इसके अलावा, आयोगों, बोर्डों और परिषदों में राजनीतिक नियुक्तियों की प्रक्रिया भी जल्द ही शुरू होगी। हाल के दिनों में भाजपा में कई बदलाव देखने को मिले हैं। हाल ही में, भाजपा ने नितिन नबीन को राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष नियुक्त करके सबको चौंका दिया, वहीं उत्तर प्रदेश में पंकज चौधरी को नया प्रदेश अध्यक्ष नियुक्त किया गया। पंकज चौधरी उत्तर प्रदेश भाजपा अध्यक्ष पद के लिए नामांकन दाखिल करने वाले एकमात्र नेता थे।
इसके अलावा, भाजपा तब सुर्खियों में आई जब कई ब्राह्मण विधायकों ने एक साथ भोज में भाग लिया। इससे उत्तर प्रदेश की राजनीति में हलचल मच गई और मामला दिल्ली तक पहुंच गया। दरअसल, कुछ दिन पहले पीएन पाठक के लखनऊ स्थित आवास पर ब्राह्मण भाजपा विधायकों की एक बैठक हुई थी। इस बैठक को सहभोज कहा गया। बैठक में लगभग 40 विधायक और एमएलसी शामिल हुए।
दरअसल, यह बैठक इसलिए भी सुर्खियों में थी क्योंकि इससे कुछ समय पहले ठाकुर विधायकों ने भी दो बैठकें की थीं। राज्य सरकार के मंत्री जयवीर सिंह और दयाशंकर सिंह, अन्य मंत्रियों और विधायकों के साथ बैठक में शामिल हुए थे। पूर्व सांसद राजवीर सिंह राजू भैया ने भी विधायकों, सांसदों और लोध समुदाय के नेताओं का एक सम्मेलन आयोजित किया था। हालांकि, उस समय पार्टी ने कोई आपत्ति नहीं जताई थी। कुर्मी बौद्धिक विचार मंच के बैनर तले भाजपा के कुर्मी विधायकों ने भी इसी तरह की बैठक की थी। तब भी मामला इतना गंभीर नहीं हुआ था।

Show More

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button