दर्दनाक सड़क हादसे में ट्रक क्लीनर गंभीर अवस्था में घायल

नेशनल प्रेस टाइम्स,ब्यूरो।
अमेठी। जायस थाना क्षेत्र अंतर्गत रायबरेली– सुल्तानपुर मार्ग वहाबगंज में सोमवार देर रात भीषण सड़क हादसे का गवाह बना। पंजाब नेशनल बैंक के समीप करीब ढाई बजे अचानक एक ट्रक अनियंत्रित होकर सड़क किनारे लगे ईंट के चट्टे से टकरा गया। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि ट्रक का अगला हिस्सा बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया और उसमें बैठे क्लीनर का पैर सीट और बॉडी के बीच कसकर फंस गया। ड्राइवर बाल-बाल बच निकला, लेकिन क्लीनर घंटों तक दर्द से कराहता रहा। पुलिस व स्थानीय लोगों के अनुसार, हादसे का मुख्य कारण ट्रक ड्राइवर को झपकी आना बताया जा रहा है। रात के समय लंबी दूरी तक वाहन चलाने से थके ड्राइवरों को नींद के झोंके अक्सर आ जाते हैं और कई हादसे इन्हीं कारणों से घटित होते हैं। सोमवार की देर रात हुआ यह हादसा भी इसी लापरवाही और थकान का परिणाम माना जा रहा है। जैसे ही जोरदार आवाज हुई, आसपास के लोग अपने घरों से बाहर निकल आए। घटनास्थल पर पहुंचने पर उन्होंने देखा कि क्लीनर ट्रक में बुरी तरह फंसा हुआ दर्द से तड़प रहा है। स्थानीय निवासियों ने बिना देर किए पुलिस को सूचना दी। थोड़ी ही देर में कोतवाली जायस की पुलिस भी मौके पर पहुंच गई। पुलिस और स्थानीय लोगों ने मिलकर क्लीनर को निकालने का प्रयास शुरू किया, लेकिन उसका पैर सीट और गाड़ी के बीच इस कदर दबा था कि साधारण तरीके से निकालना संभव नहीं था। आखिरकार कटर मशीन की मदद से ट्रक के हिस्से को काटा गया। यह प्रक्रिया करीब दो घंटे तक चली। कड़ी मशक्कत के बाद जब क्लीनर को सुरक्षित बाहर निकाला गया, तो वहां मौजूद लोगों ने राहत की सांस ली। पुलिस ने घायल क्लीनर को तुरंत 108 एंबुलेंस के जरिए सैदापुर स्थित जिला अस्पताल गौरीगंज भिजवाया। प्राथमिक उपचार के बाद डॉक्टरों ने उसकी गंभीर स्थिति को देखते हुए उसे लखनऊ ट्रॉमा सेंटर रेफर कर दिया। वहीं ट्रक चालक को मामूली चोटें आईं है। जायस कोतवाली पुलिस ने घटनास्थल का मुआयना कर ट्रक को कब्जे में ले लिया है। थाना प्रभारी ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है। प्राथमिक जानकारी के अनुसार, ट्रक चालक को नींद आने के कारण यह हादसा हुआ। स्थानीय निवासी राजकुमार ने बताया आवाज इतनी जोरदार थी कि पूरा इलाका दहल गया। जब हम पहुंचे तो क्लीनर जोर-जोर से मदद के लिए चिल्ला रहा था। पुलिस और ग्रामीणों ने मिलकर कड़ी मेहनत से उसे बाहर निकाला।”वहीं, एक अन्य ग्रामीण ने कहा— “अगर समय पर मदद नहीं मिलती तो शायद उसकी जान बचाना मुश्किल हो जाता।
इस हादसे ने एक बार फिर यह साबित कर दिया है कि सड़क पर छोटी-सी लापरवाही भी बड़ी दुर्घटना का कारण बन सकती है। ट्रक और भारी वाहन चालकों को सलाह दी जाती है कि लंबी दूरी तय करने से पहले पर्याप्त आराम करें और नींद आने की स्थिति में वाहन रोक दें। प्रशासन और परिवहन विभाग को भी चाहिए कि वे रात में चलने वाले भारी वाहनों पर विशेष निगरानी रखें।



