सिहोरा रंगीले हनुमान जी मंदिर में शनिवार को हुआ सीताराम संकीर्तन

नेशनल प्रेस टाइम्स, ब्यूरो l
छिंदवाड़ा l पूजन हवन आरती के साथ हुआ, विशाल भंडारा प्रसाद वितरण महामंडलेश्वर बालकदास महाराज समेत श्री पंचदशनाम महाकाल अखाड़ा के सदस्य रहें मौजूद बिच्छू पहाड़ आश्रम घाट परासिया के महंत महात्यागी, श्री पंचदशनाम महाकाल अखाड़ा छिंदवाड़ा जिला महामंडलेश्वर श्री श्री 1008 स्वामी बालकदास महाराज के पावन सानिध्य में आज दिनांक 17 जनवरी दिन शनिवार को सीताराम संकीर्तन कार्यक्रम रंगीले हनुमान मंदिर सिहोरा में बड़े ही धूमधाम के साथ कराया गया,रंगीले हनुमान मंदिर सिहोरा में सुबह से हनुमान जी महाराज का पूजन अर्चन कार्यक्रम पूरे विधि विधान के साथ संपन्न हुआ, तत्पश्चात सुबह 9:00 बजे से संध्याकालीन तक सीताराम संकीर्तन कार्यक्रम के माध्यम से हनुमान जी महाराज की भक्ति की गई,फिर पूजन आरती के साथ भक्तों को एवं आने-जाने वाले लोगों एवं श्रद्धालुओ को भंडारे का प्रसाद वितरण किया गया. महामंडलेश्वर श्री श्री 1008 स्वामी बालकदास जी महाराज ने बताया कि क्षेत्र में जितने भी आश्रम है, इसका संचालन बिच्छू पहाड़ आश्रम से होता है,जिसका संचालन हनुमान जी महाराज स्वयं भी करते हैं, और भगवान की शरण में आए भक्तों की मनोकामनाएं पूर्ण होती है,उन्होंने बताया कि आज बिच्छू पहाड़ आश्रम से जुड़े जितने भी मंदिर है सभी जगह हनुमान जी महाराज का पूजन अर्चन कार्यक्रम पूरे विधि विधान के साथ संपन्न हुआ, एवं भक्तों को प्रसाद वितरण किया गया. रंगीले हनुमान मंदिर सिहोरा के पुजारी अज्जू पाल द्वारा निरंतर 8 वर्षों से हनुमान जी महाराज की पूजा अर्चना की जा रही है,यहां पर माथा टेकने वाले सभी भक्तों की मनोकामनाएं पूर्ण होती है, आपको बता दें आज सीताराम संकीर्तन में शामिल होकर सभी धर्म प्रेमी भक्तो ने रंगीले हनुमान जी महाराज के दर्शन किया और भगवान से अपने जीवन में सुख शांति समृद्धि का वरदान मांगा और महामंडलेश्वर स्वामी बालक दास जी महाराज का आशीर्वाद भी प्राप्त किया.साथ ही सीताराम संकीर्तन का आनंद उठाते हुए भंडारे का महाप्रसाद ग्रहण कर पुण्य लाभ अर्जित किया, इस दौरान पंचदशनाम महाकाल अखाडा के जिलाध्यक्ष अशोक शर्मा,जिला उपाध्यक्ष अजय रघुवंशी, चौरई विधानसभाअध्यक्ष श्यामलाल नामदेव, राजू धनोरिया,आनंद लिल्हारे, राजा डोंगरे, आकाश यादव, विनोद नामदेव समेत भक्त श्रद्धांलुगण भारी संख्या में उपस्थित रहें.



