बरेली
एल्गो ट्रेडिंग में मुनाफे का झांसा देकर 49.44 लाख की ठगी, मास्टरमाइंड गिरफ्तार
साइबर थाना पुलिस ने 31 लाख रुपये कराए होल्ड, फर्जी ट्रेडिंग एप बनाकर लोगों को बनाता था शिकार.

नेशनल प्रेस टाइम्स ,ब्यूरो
बरेली। एल्गो ट्रेडिंग के जरिए शेयर बाजार में भारी मुनाफा दिलाने का झांसा देकर 49.44 लाख रुपये की साइबर ठगी करने वाले गिरोह का साइबर थाना पुलिस ने पर्दाफाश किया है। पुलिस ने मामले के मुख्य आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि पीड़ित की करीब 31 लाख रुपये की रकम होल्ड करा दी गई है।
साइबर थाना पुलिस के अनुसार आशीष रॉयल पार्क निवासी आलोक दूबे को जनवरी 2026 में एक व्यक्ति ने फोन कर शेयर बाजार में निवेश पर अधिक लाभ का लालच दिया था। आरोपी ने व्हाट्सएप के माध्यम से लिंक भेजकर एक ट्रेडिंग एप डाउनलोड कराया और निवेश शुरू कराया। जनवरी से अप्रैल 2026 के बीच पीड़ित से 20 अलग-अलग लेनदेन में कुल 49.44 लाख रुपये जमा करा लिए गए। इसके बाद कमीशन और जीएसटी के नाम पर भी रकम वसूली गई।
जब पीड़ित ने निवेश की गई धनराशि और लाभ वापस मांगा तो आरोपियों ने एप अपडेट और तकनीकी दिक्कतों का बहाना बनाकर टालमटोल शुरू कर दी। संदेह होने पर पीड़ित ने राष्ट्रीय साइबर अपराध रिपोर्टिंग पोर्टल और साइबर थाना बरेली में शिकायत दर्ज कराई।
मामले की जांच में जुटी साइबर थाना पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए करीब 31 लाख रुपये की रकम होल्ड कराई। तकनीकी साक्ष्यों और बैंक खातों की पड़ताल के आधार पर पुलिस ने देहरादून के सहस्त्रधारा रोड स्थित विश्वनाथ एन्क्लेव निवासी सचिन कुमार को गिरफ्तार कर लिया।
पूछताछ में सामने आया कि आरोपी अपने साथियों के साथ मिलकर फर्जी ट्रेडिंग एप और वेबसाइट संचालित करता था। इनके माध्यम से लोगों को अधिक मुनाफे का लालच देकर निवेश कराया जाता था। रकम जमा होने के बाद निवेशकों की आईडी निष्क्रिय कर दी जाती थी और धनराशि विभिन्न बैंक खातों, क्रिप्टोकरेंसी और अन्य माध्यमों से निकाल ली जाती थी। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से आठ डेबिट कार्ड, एक लैपटॉप, एक मोबाइल फोन, चेकबुक, पासबुक, आधार कार्ड, पैन कार्ड, राउटर समेत कई दस्तावेज और इलेक्ट्रॉनिक उपकरण बरामद किए हैं। जांच में यह भी पता चला है कि आरोपी के खिलाफ तेलंगाना और कर्नाटक में भी साइबर ठगी से संबंधित शिकायतें दर्ज हैं।
पुलिस का कहना है कि गिरोह के अन्य सदस्यों की तलाश की जा रही है और मामले की जांच जारी है।



