बेतुल
बैतूल डोवर से फ्रांस तक हिंदुस्तान का तिरंगा लहराने को तैयार रामबरन पाल,
वीजा मिलते ही जुटे शेष राशि जुटाने में

देश के नाम समर्पित होगी 36 किलोमीटर समुद्री तैराकी, विक्रम अवॉर्डी रामबरन पाल को चाहिए जनसहयोग
नेशनल प्रेस टाइम्स, ब्यूरो
बैतूल। नगर पालिका तरणताल के तैराकी कोच और विक्रम अवॉर्ड से सम्मानित राष्ट्रीय-अंतरराष्ट्रीय तैराक रामबरन पाल का सपना अब साकार होने की कगार पर है। डोवर से फ्रांस के समुद्री तट तक 36 किलोमीटर की चुनौतीपूर्ण इंग्लिश चैनल तैराकी में शामिल होकर वे भारत का तिरंगा लहराने का सपना लिए अब अंतिम पड़ाव पर पहुंच चुके हैं। रामबरन पाल को इस ऐतिहासिक उपलब्धि के लिए अब इंग्लैंड का वीजा भी प्राप्त हो गया है, जो 30 अगस्त 2025 से मान्य रहेगा। वे 1 सितंबर से 30 सितंबर के बीच लंदन में रहेंगे, जहां मौसम और समुद्री स्थितियों के अनुसार उन्हें तैराकी का अवसर मिलेगा। यह तैराकी विश्व की सबसे कठिन मानी जाती है, जिसमें समुद्र की तेज लहरों और ठंडे पानी के बीच बिना रुकावट 36 किलोमीटर की दूरी पार करनी होती है। इस प्रतियोगिता में भाग लेने के लिए कुल 16 लाख 13 हजार रुपये की आवश्यकता है। जिसमें से तीन लाख से अधिक राशि अब तक बैतूल के सेवा-भावी नागरिकों और शुभचिंतकों के सहयोग से एकत्र हो चुकी है। रामबरन पाल शेष राशि जुटाने के लिए प्रशासन, जनप्रतिनिधियों और दानदाताओं से सहयोग की अपेक्षा कर रहे हैं, ताकि इस गौरवशाली अभियान में कोई आर्थिक बाधा न आ सके। रामबरन पाल ने कहा कि यह सिर्फ उनकी नहीं, पूरे बैतूल और मध्यप्रदेश की उपलब्धि होगी, जब वे अंतरराष्ट्रीय मंच पर भारत का प्रतिनिधित्व करते हुए तिरंगा फहराएंगे। उन्होंने अपील की है कि देशप्रेम और खेल भावना को सम्मान देने के लिए हर नागरिक इस अभियान में आर्थिक सहयोग देकर सहभागी बने।


