मेरठ
कुराली हत्याकांड का खुलासा, जानी थाना पुलिस व स्वाट टीम ने दो आरोपियों को किया गिरफ्तार

नेशनल प्रेस टाइम्स, ब्यूरो
मेरठ। थाना जानी क्षेत्र के ग्राम कुराली में हुए चर्चित हत्याकांड का पुलिस ने सफल अनावरण कर दिया है। जानी थाना पुलिस और स्वाट टीम देहात की संयुक्त कार्रवाई में हत्या के मामले में फरार चल रहे दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से घटना में प्रयुक्त अवैध 7.65 बोर पिस्टल और एक जिंदा कारतूस भी बरामद किया है। मुखबिर की सूचना पर घेराबंदी कर दोनों आरोपियों को दबोच लिया। गिरफ्तार अभियुक्तों की पहचान हर्ष उर्फ हरसू पुत्र शेर सिंह तथा आशीष पुत्र सुरेन्द्र उर्फ सुन्दर, निवासीगण ग्राम कुराली, थाना जानी, जनपद मेरठ के रूप में हुई है।घटना 18 अप्रैल 2026 की है, जब राष्ट्रीय राजमार्ग स्थित कुराली अड्डे पर मृतक नरेश शर्मा उर्फ भोलू अपनी परचून की दुकान पर मौजूद थे। इसी दौरान आरोपियों ने उन्हें गोली मार दी। गंभीर हालत में उन्हें उपचार के लिए सुभारती अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। इस मामले में मृतक की पत्नी मौनी राय ने अज्ञात व्यक्तियों के खिलाफ थाना जानी में हत्या का मुकदमा दर्ज कराया था। घटना के बाद पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर संदिग्धों की पहचान की। जांच के दौरान हर्ष उर्फ हरसू और आशीष के नाम सामने आए, जिसके बाद पुलिस लगातार उनकी तलाश में जुटी थी। 22 अप्रैल 2026 को पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली कि दोनों आरोपी जानी नहर पुल के पास से टिकरी की ओर जाने की फिराक में हैं। सूचना मिलते ही पुलिस की दो टीमों ने अलग-अलग दिशाओं से घेराबंदी की और करीब एक किलोमीटर आगे दोनों संदिग्धों को पकड़ लिया। तलाशी के दौरान आशीष के पास से अवैध पिस्टल और कारतूस बरामद हुआ। पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि घटना वाले दिन वे नरेश शर्मा की दुकान पर गए थे, जहां तीनों ने साथ बैठकर शराब पी। इसी दौरान पुराने लेन-देन को लेकर विवाद हो गया। नरेश द्वारा पैसे मांगने और गाली-गलौज करने पर मामला बढ़ गया। इसी बीच हर्ष के उकसाने पर आशीष ने गुस्से में आकर पिस्टल निकालकर नरेश पर दो राउंड फायर कर दिए। एक गोली सिर में और दूसरी सीने में लगी, जिससे नरेश की मौके पर ही मौत हो गई।
घटना के बाद दोनों आरोपी मौके से फरार हो गए और पुलिस से बचने के लिए इधर-उधर छिपते रहे। हालांकि पुलिस की सतर्कता और तकनीकी जांच के चलते अंततः वे पकड़े गए। पुलिस अब दोनों आरोपियों को न्यायालय में पेश करने की तैयारी कर रही है।


