नेशनल प्रेस टाइम्स, ब्यूरो।
लोनी गाजियाबाद : लोनी के जवाहर नगर कॉलोनी में जलभराव की समस्या ने स्थानीय दुकानदारों और निवासियों का जीना मुहाल कर दिया है। मुख्य बाजार में गंदे नाले का पानी भरने से जहां व्यापार पूरी तरह प्रभावित हो गया है, वहीं लोगों का आना-जाना भी दूभर हो गया है। हालात ऐसे हैं कि दुकानदार हाथ पर हाथ धरे बैठे हैं और कई अपनी दुकानें बंद करने को मजबूर हो चुके हैं।
स्थिति की गंभीरता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि संबंधित वार्ड के सभासद रूपेन्द्र चौधरी लगातार अधिशासी अधिकारी और सफाई निरीक्षक को फोन करते रहे, लेकिन किसी ने फोन उठाना जरूरी नहीं समझा। अब जब जनप्रतिनिधि की ही अनदेखी हो रही है, तो आम जनता की शिकायतों का क्या हाल होता होगा, यह सहज ही समझा जा सकता है। क्षेत्र में अधिशासी अधिकारी द्वारा फोन रिसीव न करने की चर्चा पहले से ही आम है।
सभासद का कहना है कि वे लगातार नगर पालिका कार्यालय से गंदे पानी की निकासी के लिए संपर्क करते रहे, लेकिन समस्या जस की तस बनी हुई है। ऐसे में सवाल उठता है कि आखिर जनता अपनी परेशानी किसके सामने रखे और समाधान की उम्मीद किससे करे?
इधर, स्थानीय लोग सफाई व्यवस्था पर तंज कसते हुए कहते हैं कि एक ओर लोनी विधायक नंदकिशोर गुर्जर क्षेत्र की तुलना लंदन से करते हैं, तो दूसरी ओर जमीनी हकीकत यह है कि यहां के लोग गंदे पानी से निकलने को मजबूर हैं। वहीं नगर पालिका की चेयरमैन खुद को “लोनी की लाडली” बताती हैं, लेकिन जनता की इस बुनियादी समस्या पर कोई ठोस कार्रवाई नजर नहीं आ रही।
गंदे पानी से होकर गुजरना कॉलोनी वासियों के लिए रोज की मजबूरी बन गया है। लोग खुद को बेबस और लाचार महसूस कर रहे हैं। ऐसे हालात में “स्वच्छता” के दावे और योजनाएं सिर्फ कागजों तक सीमित दिखाई दे रही हैं, जबकि हकीकत सड़कों पर भरे गंदे पानी में साफ झलक रही है।


