बेतुल
बैतूल तारा पंचायत में विकास के दावों की खुली पोल
वार्ड 17 की सड़क बनी कीचड़ और गड्ढों का अड्डा

सरपंच-सचिव की अनदेखी से ग्रामीण बेहाल, सड़क पर चलना भी हुआ मुश्किल; शिकायत करने पर एफआईआर की धमकी देने का आरोप
नेशनल प्रेस टाइम्स, ब्यूरो
बैतूल। ग्राम पंचायत तारा में विकास के दावों के बीच वार्ड नंबर 17 की बदहाल सड़क ने पंचायत की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। सड़क की हालत इतनी खराब है कि जगह-जगह गड्ढे और कीचड़ जमा होने से ग्रामीणों का पैदल निकलना तक मुश्किल हो गया है। बारिश के दिनों में यह रास्ता सड़क कम और कीचड़ भरे दलदल जैसा अधिक नजर आ रहा है। ऐसे में बुजुर्गों, बच्चों और रोजमर्रा के काम से आने-जाने वाले ग्रामीणों को भारी परेशानी उठानी पड़ रही है।
ग्रामीणों का आरोप है कि सरपंच और सचिव को सड़क की बदहाली की पूरी जानकारी होने के बावजूद समस्या के समाधान के लिए कोई ठोस कदम नहीं उठाया जा रहा है। ग्रामीणों के मुताबिक सड़क की हालत सुधारने के लिए बड़े निर्माण की मांग नहीं की जा रही, बल्कि फिलहाल दो-तीन ट्रॉली गिट्टी या मुरम डलवा दी जाए तो भी आवागमन लायक रास्ता तैयार हो सकता है। इसके बावजूद पंचायत की ओर से इस छोटी-सी व्यवस्था तक की पहल नहीं की जा रही है।
– शिकायत करो तो समाधान नहीं, एफआईआर की धमकी का आरोप
ग्रामीणों का कहना है कि वे लंबे समय से सड़क की समस्या को लेकर जिम्मेदारों से शिकायत कर रहे हैं, लेकिन समस्या सुनने और समाधान कराने के बजाय कथित तौर पर उन्हें एफआईआर दर्ज कराने की धमकी दी जाती है। इससे ग्रामीणों में आक्रोश और बढ़ गया है। उनका सवाल है कि यदि अपने ही गांव में मूलभूत सुविधा की मांग करना अपराध है तो आखिर ग्रामीण अपनी समस्या किसके सामने रखें?
स्थानीय लोगों का कहना है कि पंचायत स्तर पर यदि जनसमस्याओं की सुनवाई नहीं होगी और छोटी-सी सड़क की मरम्मत के लिए भी ग्रामीणों को अधिकारियों के चक्कर लगाने पड़ेंगे, तो फिर ग्राम पंचायत में विकास कार्यों का दावा आखिर किस आधार पर किया जा रहा है।
– वीडियो में छलका ग्रामीण का दर्द
इस मामले से जुड़ा एक वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आया है, जिसमें एक ग्रामीण भावुक होकर हाथ जोड़ते हुए सरपंच और सचिव से कम से कम एक बार मौके पर पहुंचकर सड़क की वास्तविक स्थिति देखने की अपील करता नजर आ रहा है। ग्रामीण का कहना है कि कागजों और दफ्तरों में बैठकर समस्या का अंदाजा नहीं लगाया जा सकता, एक बार मौके पर आकर सड़क की हालत देखी जाए तो ग्रामीणों की परेशानी खुद समझ में आ जाएगी।
ग्रामीणों ने अब इस मामले में कलेक्टर से तत्काल हस्तक्षेप की मांग की है। उनका कहना है कि वार्ड 17 की सड़क की मौके पर जांच कराकर तत्काल गिट्टी-मुरम डलवाई जाए और स्थायी सड़क निर्माण की दिशा में कार्रवाई की जाए।



