
धर्म की सदैव होती है विजय, सत्य ही अंततः जीतता है अतुल कृष्ण भारद्वाज
नेशनल प्रेस टाइम्स, ब्यूरो।
लोनी गाजियाबाद : लोनी स्थित सिद्ध बाबा रामपार्क में आयोजित भव्य श्री रामकथा के अंतिम दिन श्रद्धालुओं की अभूतपूर्व भीड़ उमड़ पड़ी। पंडाल में पैर रखने तक की जगह नहीं बची और पूरा वातावरण भक्तिरस में सराबोर हो गया। कथा व्यास परम पूज्य अतुल कृष्ण भारद्वाज महाराज ने रावण वध और भगवान श्रीराम के राज्याभिषेक का अत्यंत मार्मिक वर्णन किया, जिसे सुनकर श्रद्धालु भाव-विभोर हो उठे। आयोजन के दौरान हजारों श्रद्धालुओं ने भंडारे का प्रसाद ग्रहण किया, जिसके साथ ही कथा का समापन हुआ।
इस अवसर पर साध्वी उमा भारती, रसराज महाराज, महामंडलेश्वर यति नरसिंहानंद, पूर्व सांसद प्रदीप चौधरी (कैराना) और रमेश विधूड़ी (दिल्ली) सहित कई प्रमुख हस्तियां मौजूद रहीं। साध्वी उमा भारती ने अपने संबोधन में कहा कि गंगा की तरह रामकथा की धारा भी निरंतर प्रवाहित होती रहनी चाहिए। उन्होंने राम, कृष्ण और शिव को सनातन संस्कृति का मूल आधार बताते हुए अयोध्या के बाद काशी और मथुरा में मंदिर निर्माण की इच्छा को हर सनातनी की भावना बताया।
कथा के दौरान व्यास जी ने रामायण के विभिन्न प्रसंगों सीताहरण, लंका दहन, राम-रावण युद्ध और विभीषण राज्याभिषेक के माध्यम से जीवन के मूल्यों पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि रामायण हमें मर्यादा, त्याग, सेवा और सत्य के मार्ग पर चलने की प्रेरणा देती है, साथ ही यह सिखाती है कि दूसरों की संपत्ति पर अधिकार नहीं करना चाहिए। उन्होंने यह भी कहा कि भगवान प्रत्येक कण में विद्यमान हैं और जरूरतमंदों की सेवा ही सच्ची भक्ति है।
उन्होंने समाज में फैली बुराइयों को समाप्त करने के लिए सज्जनों के एकजुट होने का आह्वान करते हुए कहा कि जब अच्छे लोग संगठित होते हैं, तब अधर्म अपने आप समाप्त हो जाता है और अंततः सत्य की ही विजय होती है।





