ललितपुर
आर्यिका माताजी दुर्घटना प्रकरण पर जैन समाज में आक्रोश, निकाला मौन जुलूस
उच्चस्तरीय जांच और संत सुरक्षा नीति लागू करने की मांग, डीएम को सौंपा ज्ञापन

नेशनल प्रेस टाइम्स, ब्यूरो।
ललितपुर। मध्य प्रदेश के रीवा जिले में आर्यिका माताजी सड़क दुर्घटना प्रकरण को लेकर जैन समाज में भारी आक्रोश देखने को मिला। दिगम्बर जैन पंचायत के आह्वान पर रविवार को हजारों की संख्या में जैन समाज के लोगों ने विशाल मौन जुलूस निकालकर शासन-प्रशासन को चेताया और संतों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग उठाई। प्रदर्शन के बाद कलेक्ट्रेट पहुंचकर अपर जिलाधिकारी दिनेश कुमार को ज्ञापन सौंपा गया। सुबह शहर के सावरकर चौक स्थित पाश्र्वनाथ जैन अटा मंदिर से श्वेत वस्त्रों में पुरुष एवं पीत वस्त्रों में महिला श्रद्धालु बड़ी संख्या में एकत्रित हुए। हाथों में तख्तियां लेकर अनुशासित ढंग से निकले मौन जुलूस ने शहरवासियों का ध्यान आकर्षित किया। प्रदर्शनकारी तख्तियों के माध्यम से धार्मिक स्थलों और जैन संतों की सुरक्षा को लेकर अपनी चिंता एवं आक्रोश व्यक्त कर रहे थे। ज्ञापन में बताया गया कि हाल ही में मध्य प्रदेश के रीवा में सड़क दुर्घटना के दौरान जैन धर्म की प्रभावक आर्यिका श्रुतमति माताजी एवं आर्यिका उपशममति माताजी समाधिस्थ हो गईं, जिससे देशभर के जैन समाज में शोक और आक्रोश व्याप्त है। समाजजनों ने कहा कि जैन साधु-संत पूर्णत: अहिंसक, निहत्थे एवं पैदल विहार करने वाले तपस्वी होते हैं, जो समाज में शांति और संयम का संदेश देते हैं। ऐसे संतों के साथ लगातार बढ़ती दुर्घटनाएं एवं हमले अत्यंत चिंताजनक हैं। दिगम्बर जैन पंचायत ने कहा कि रीवा हादसे की निष्पक्ष उच्चस्तरीय एसआईटी जांच कराई जाए तथा राष्ट्रीय संत सुरक्षा नीति लागू की जाए। उन्होंने पदविहार के दौरान प्रशासनिक समन्वय, ट्रैफिक नियंत्रण, संवेदनशील क्षेत्रों में पुलिस सहयोग एवं हाईवे पर विशेष सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित करने की मांग उठाई। साथ ही उन्होंने ललितपुर जिले के ग्राम देवरान में हुई 11 मूर्तियों की चोरी का अब तक खुलासा न होने पर भी नाराजगी व्यक्त करते हुए शीघ्र कार्रवाई की मांग की। वक्ताओं ने कहा कि संत सुरक्षा केवल एक समाज का विषय नहीं बल्कि भारत की आध्यात्मिक विरासत की सुरक्षा का प्रश्न है। उन्होंने संतों के विरुद्ध होने वाले अपराधों को विशेष संवेदनशील श्रेणी में रखने तथा प्रशासन एवं समाज के बीच समन्वय तंत्र विकसित करने की आवश्यकता बताई। कहा कि जैन समाज सदैव शांति, अहिंसा और संवैधानिक मर्यादाओं में विश्वास रखता है। समाज का उद्देश्य किसी प्रकार का तनाव उत्पन्न करना नहीं, बल्कि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकना है। कलेक्ट्रेट परिसर में दिगम्बर जैन पंचायत के नेतृत्व में विभिन्न संगठनों के प्रतिनिधियों ने अपर जिलाधिकारी दिनेश कुमार को ज्ञापन सौंपकर आवश्यक कार्रवाई की मांग की। इस दौरान अक्षय जैन, आकाश, नपाध्यक्ष सोनाली जैन, सनत जैन, राजकुमार जैन, अनिल जैन, अजित जैन, शीलचन्द्र, राज कुमार, पूर्व पार्षद मोदी पंकज जैन, सौरभ जैन सीए, अशोक जैन, प्रतीक जैन, राकेश जैन, मनोज जैन, पार्षद आलोक जैन मयूर, ज्योति कल्पनित लोधी, हरदयाल लोधी एड., अजय साइकिल, प्रदीप जैन, राजेन्द्र जैन, पवन जैन, अनिल, संजीव जैन ममता स्पोर्ट्स सहित बड़ी संख्या में समाजजन मौजूद रहे।

