
नेशनल प्रेस टाइम्स, ब्यूरो
महागामा : आईसीआरडब्लू द्वारा संचालित जीवीएमएस (Gender Equity Movement in Schools) कार्यक्रम के चौथे चरण की शुरुआत इस वर्ष भी गोड्डा और जामताड़ा जिलों के कुल 270 विद्यालयों में की गई है। इस वर्ष का मुख्य थीम है: “जाति-धर्म और जेंडर का भेद मिटाओ, समानता की राह अपनाओ”, जो शिक्षकों के सुझाव के आधार पर जेंडर आधारित सामाजिक भेदभाव पर केंद्रित है।
इसी क्रम में महागामा प्रखंड अंतर्गत प्लस टू उच्च विद्यालय, सरोतिया में एक जागरूकता अभियान का आयोजन प्रधानाध्यापक मो. सज्जाद आलम की अध्यक्षता में हुआ।
कार्यक्रम में विद्यार्थियों ने चित्रकला, नुक्कड़ नाटक, भाषण आदि के माध्यम से लैंगिक भेदभाव और उससे जुड़ी हिंसा पर अपने अनुभव साझा किए। विद्यालय के चारों हाउस के विद्यार्थियों ने अलग-अलग विषयों पर प्रभावशाली नुक्कड़ नाटक प्रस्तुत किए।बिरसा मुंडा हाउस – लैंगिक भेदभाव,
चांद भैरव हाउस – दहेज प्रथा,
सिद्धो-कान्हू हाउस – सामाजिक भेदभाव और हिंसा,
तिलका मांझी हाउस – घरेलू हिंसा पर कार्यक्रम प्रस्तुत किया।
इस अभियान को सफल बनाने में शिक्षकों मोलय मंडल, भोला प्रसाद यादव, नीरज कुमार सिन्हा, मो. मुजाहिद आलम एवं आदेशपाल मो. एजाज ने अहम भूमिका निभाई। दौरान प्रतिनिधि मुन्ना कुमार ने जानकारी दी कि गोड्डा जिले के चार प्रखंडों में गोड्डा, महगामा, पथरगामा और पोड़ैयाहाट के 136 विद्यालयों में यह अभियान संचालित किया जा रहा है, जिसमें अब तक 66 विद्यालयों में इसे सफलतापूर्वक क्रियान्वित किया जा चुका है।




