गाजियाबाद

आक्सीजन का पाइप काटने जैसा फैसला 

मीरपुर हिन्दू में कूडा प्लांट पर जन आक्रोश 

विधायक मदन भैया ने प्रदेश के मुख्यमंत्री को लिखा पत्र 
नेशनल प्रेस टाइम्स, ब्यूरो।
लोनी गाजियाबाद : लोनी विकास खंड क्षेत्र का मीरपुर हिंदू गांव इन दिनों अपने अस्तित्व और भविष्य को लेकर भय और आक्रोश के दौर से गुजर रहा है। यहां प्रस्तावित सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट प्लांट को लेकर ग्रामीणों का कहना है कि यह सिर्फ एक योजना नहीं, बल्कि उनके जीवन पर मंडराता सीधा खतरा है। गांव में हर गली, हर घर और हर सांस इस फैसले से प्रभावित होने वाली है।
 खतौली से विधायक मदन भैया ने उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री को पत्र लिखकर इस निर्णय को जनविरोधी, अमानवीय और पर्यावरण के लिए घातक बताया है। उन्होंने कहा है कि मीरपुर हिंदू पहले से ही लोनी और आसपास के क्षेत्रों के कूड़े का दंश झेल रहा है। दुर्गंध, मच्छर, बीमारियां और प्रदूषित हवा यहां के लोगों की रोजमर्रा की सच्चाई बन चुकी है। ऐसे में इसी क्षेत्र में सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट प्लांट की स्थापना करना मानो “यहां से ऑक्सीजन का पाइप काटने” जैसा है।
विधायक ने प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को लिखित अपने पत्र में उल्लेख किया है कि मीरपुर हिंदू और उसके आसपास घनी आबादी, स्कूल, रिहायशी कॉलोनियां और छोटे बच्चे रहते हैं। नियमों के अनुसार ऐसे संवेदनशील क्षेत्रों में कूड़ा निस्तारण प्लांट नहीं लगाया जाना चाहिए, लेकिन इसके बावजूद यह निर्णय लिया गया है। इससे न केवल पर्यावरण असंतुलित होगा, बल्कि हजारों लोगों के स्वास्थ्य पर स्थायी खतरा पैदा हो जाएगा।
उन्होंने यह भी चेतावनी दी है कि यदि नगर निगम गाजियाबाद के कूड़े से लदे रोजाना लगभग 100 ट्रक लोनी में प्रवेश करेंगे तो क्षेत्र की यातायात व्यवस्था पूरी तरह ध्वस्त हो जाएगी। संकरी सड़कों पर जाम, दुर्घटनाएं और प्रदूषण आम बात हो जाएगी, जिसका खामियाजा आम जनता को किसी ना किसी रूप में भुगतना पड़ेगा।
विधायक मदन भैया ने कहा कि वातानुकूलित कमरों में बैठकर लिए गए ऐसे फैसलों की सच्चाई तब सामने आती है, जब अधिकारी जमीन पर आकर लोगों की बदहाली देखते हैं। उन्होंने अधिकारियों को लोनी आकर हालात देखने का खुला निमंत्रण देते हुए कहा कि तब उन्हें समझ आएगा कि यह फैसला विकास नहीं, विनाश की ओर बढ़ता कदम है।
उन्होंने साफ शब्दों में कहा कि यदि मीरपुर हिंदू में कूड़ा डालने का निर्णय वापस नहीं लिया गया, तो लोनी की जनता विरोध की सारी सीमाएं लांघने को मजबूर हो सकती है, क्योंकि यह उनके जीवन और मृत्यु का प्रश्न बन चुका है। “यह शासनादेश ऐसा है, जैसे मौत मुंह फाड़े हमारी ओर बढ़ रही हो,” विधायक  मदन भैया ने प्रदेश के मुख्यमंत्री से मांग की है कि मीरपुर हिंदू में बनाए जाने वाले सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट प्लांट के निर्णय पर पुनर्विचार करते हुए इसे तत्काल निरस्त किया जाए और इसे किसी कम आबादी वाले क्षेत्र में स्थानांतरित किया जाए, ताकि लोनी के लोगों को स्वच्छ हवा, सुरक्षित जीवन और सम्मानजनक भविष्य मिल सके।
फिलहाल गांव व आसपास निवास करने वाले लोगों में आक्रोश व्याप्त है, धरना-प्रदर्शन जारी हैं और हर व्यक्ति यही सवाल पूछ रहा है—
क्या विकास के नाम पर उनकी जिंदगी को कूड़े के ढेर में बदला जा रहा है?
Show More

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button