ललितपुर
अंबेडकर जयंती पर कवि सम्मेलन व मुशायरा, साहित्यकारों ने बांधा समां

नेशनल प्रेस टाइम्स,ब्यूरो।
ललितपुर। संविधान निर्माता डा.भीमराव अंबेडकर की 136वीं जयंती के अवसर पर तालाबपुरा स्थित एक विद्यालय में कवि सम्मेलन एवं मुशायरे का भव्य आयोजन किया गया। कार्यक्रम का आयोजन कौमी एकता की प्रतीक साहित्यिक संस्था हिंदी-उर्दू अदबी के तत्वावधान में किया गया। मुख्य अतिथि के रूप में नपाध्यक्ष सोनाली जैन उपस्थित रहीं, जबकि अध्यक्षता पूर्व सीएमओ डा.खेमचंद वर्मा ने की। संचालन रामकृष्ण कुशवाहा एड.ने किया। शुरुआत बाबा साहब को श्रद्धांजलि अर्पित कर की गई। संचालन करते हुए रामकृष्ण कुशवाहा ने कहा कि सोई हुई कौम थी, बाबा जगा गए, सम्मान से हमें जीना सिखा गए। उन्होंने अपनी पंक्तियों के माध्यम से अंबेडकर के योगदान को याद किया। कवि सम्मेलन में महेश नामदेव ने व्यंग्य के माध्यम से समाज की विसंगतियों पर प्रहार किया। राधेश्याम ताम्रकार ने गजल प्रस्तुत करते हुए वर्तमान सामाजिक परिस्थितियों पर चिंता व्यक्त की। युवा शायर सरबर हिंदुस्तानी ने जिंदगी के विभिन्न पहलुओं को अपनी शायरी में बयां किया। बुंदेली रचनाओं के लिए प्रसिद्ध शील चंद्र शास्त्री ने अपनी विशिष्ट शैली में प्रस्तुति दी। कार्यक्रम की एकमात्र महिला कवयित्रीचांदनी शर्मा ने अपनी रचना से श्रोताओं का मन मोह लिया। एम.आर. खान ने इश्क और भावनाओं पर आधारित शायरी प्रस्तुत की। अध्यक्षीय संबोधन में डा.खेमचंद वर्मा ने देश में भाईचारे और एकता का संदेश देते हुए कहा कि भारत को फिर से सोने की चिडिय़ा बनाने के लिए हमें मिलकर प्रयास करने होंगे। कार्यक्रम में पलाश कश्यप, जलील पक्ष, बृजेश श्रीवास्तव सहित अनेक कवियों ने अपनी रचनाएं प्रस्तुत कीं। इस अवसर पर कृपाल सिंह यादव, लक्ष्मी नारायण विश्वकर्मा, धु्रव साहू, नारायण सिंह यादव, दिनेश कुमार, अनिल यादव, रोहित यादव, नैंसी, संजीव झा, पूजा देवी, जगदीश यादव समेत कई गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। अंत में प्रसिद्ध पाश्र्व गायिका आशा भोंसले के निधन पर शोक व्यक्त करते हुए उन्हें श्रद्धांजलि दी गई और दो मिनट का मौन रखा गया।



