
नेशनल प्रेस टाइम्स, ब्यूरो
लोनी गाजियाबाद : उत्तर प्रदेश आवास विकास परिषद की मंडोला विहार योजना के विरोध में प्रभावित किसानों ने सोमवार को भारतीय किसान यूनियन (भाकियू) के बैनर तले अनिश्चितकालीन सत्याग्रह आंदोलन जारी रखा।
पूर्व घोषित कार्यक्रम के अनुसार किसानों ने आज मंडोला से लोनी तहसील तक अपना पैदल मार्च निकाला। सुबह 8 बजे किसानों ने परिषद के क्षेत्रीय कार्यालय की संपूर्ण तालाबंदी कर दी और लगभग 12 बजे पैदल यात्रा तहसील की तरफ प्रारंभ की।
तहसील पहुंचने पर उपजिला अधिकारी / जोइंट मजिस्ट्रेट के कार्यालय में अनुपस्थित होने से किसानों में आक्रोश फैल गया। नाराज़ किसानों ने लोनी तहसील कार्यालय की तालाबंदी कर दी। इस दौरान तहसीलदार लोनी मौके पर पहुंचे और किसानों की मांगों की जानकारी ली।
किसानों ने साफ कहा कि
> “पिछले नौ वर्षों से अधिकारी हमारी मांगों से पूरी तरह से अवगत हैं। अब कोई भी वार्ता तभी होगी जब सक्षम अधिकारी हमारे बीच आकर चर्चा करें। टेबल पर किसान प्रतिनिधि और अधिकारियों के बीच समझौते पर हस्ताक्षर होने के बाद ही तालाबंदी खोली जाएगी।”
गौरतलब है कि लोनी तहसील क्षेत्र के मंडोला, नानू, अगरौला, नवादा, मीरपुर, पंचायरा, गोठरा और घिटोरा सहित कई गाँवों की भूमि का अधिग्रहण परिषद द्वारा किया गया था। किसान लंबे समय से इसके विरोध में हैं।
किसानों की प्रमुख माँगें इस प्रकार हैं
मुआवजा वृद्धि: मधुबन बापूधाम योजना की तर्ज पर मंडोला विहार योजना के मुआवजे में तीन वर्ष की अंतराल अवधि के अनुसार महंगाई दर से बढ़ोतरी की जाए।
भूखंड आवंटन: प्रभावित किसानों को बिना किसी कटौती के 10% भूखंड निशुल्क दिए जाएँ।
आबादी क्षेत्र: आबादी क्षेत्रों को अर्जन-मुक्त घोषित किया जाए।
पंचायती प्लॉट वापसी: 1980–81 में ग्राम पंचायत मंडोला द्वारा दिए गए पंचायती प्लॉट जिन्हें परिषद ने ध्वस्त कर अपने कब्जे में ले लिया, उन्हें पात्र व्यक्तियों को वापस किया जाए।
किसानों की यात्रा को लोनी नगर पालिका क्षेत्र के लोगों का मिला व्यापक समर्थन मिला। आंदोलनकारी किसान तहसील प्रांगण में ही रातभर डटे रहेंगे और अनिश्चितकालीन सत्याग्रह जारी रहेगा।
आज की यात्रा में मुख्य रूप से उपस्थित रहे —
बिल्लू प्रधान, प्रवीण मालिक (संगठन मंत्री, भाकियू), टीनू चौधरी, सुनील बालियान, शमशेर राणा, मनवीर प्रधान, महेंद्र सिंह त्यागी (संयोजक), शहजाद, चौधरी आबिद अली, नौशाद सिद्दीकी, मेहबां सिद्दीकी, सलीम मालिक, राजबीर त्यागी, चौधरी दिलबर, बॉबी त्यागी, राकेश त्यागी, लोकेंद्र त्यागी, सुरेश त्यागी सहित सैकड़ों किसान शामिल हुए



