असम में 17 अगस्त से घर सूचीकरण
पहली बार डिजिटल प्रक्रिया की शुरुआत। जनगणना 2027 की तैयारी के लिए केंद्र के निर्देश पर 30 दिनों का अभियान, मोबाइल ऐप से डेटा संग्रह।

नेशनल प्रेस टाइम्स, ब्यूरो
असम : केंद्र सरकार के निर्देशानुसार असम में लोकसभा 2027 की घर सूचीकरण प्रक्रिया 17 अगस्त से शुरू होगी। प्रेस इन्फॉर्मेशन ब्यूरो के अनुसार, यह प्रक्रिया 17 अगस्त से 15 सितंबर तक पूरे 30 दिनों के लिए राज्यव्यापी चलेगी। पूरे भारत के साथ-साथ असम में भी यह जनगणना का कार्य पूरी तरह डिजिटल तरीके से संचालित किया जाएगा, जिसमें गणनाकारक मोबाइल एप्लिकेशन के जरिए डेटा संग्रह और अपलोड करेंगे। इस जनगणना की एक खास विशेषता है निवासियों के लिए प्रदान की गई ‘स्व-गणना’ या ‘सेल्फ एन्यूमरेशन’ की सुविधा। राज्य के निवासी क्षेत्रीय सर्वेक्षण शुरू होने से पहले यानी 2 अगस्त से 16 अगस्त तक एक साप्ताहिक समयसीमा के भीतर ऑनलाइन माध्यम से अपनी जानकारी स्वयं प्रदान कर सकेंगे। यह भारत के इतिहास में एक ऐतिहासिक कदम माना जा रहा है, जो पहली बार आधुनिक डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर के जरिए वास्तविक समय में डेटा संग्रह और निगरानी की सुविधा प्रदान करेगा। घरेलू स्थिति और संसाधनों का सटीक आकलनप्राप्त जानकारी के अनुसार, इस घर सूचीकरण का मुख्य उद्देश्य राज्य की आवासीय स्थिति, परिवारों की सुविधाओं और संपत्तियों का सटीक डेटा संग्रह करना है। इसी संग्रहीत जानकारी के आधार पर 2027 में मुख्य जनसंख्या गणना का कार्य संपादित किया जाएगा। केंद्र सरकार द्वारा बड़े पैमाने पर तकनीकी इंफ्रास्ट्रक्चर के निवेश के फलस्वरूप इस बार की जनगणना प्रक्रिया पूर्व की तुलना में अधिक तेज और सटीक होगी, जैसा कि सरकारी स्रोतों से पता चला है। यह डिजिटल पहल न केवल प्रक्रिया को पारदर्शी बनाएगी, बल्कि डेटा की गुणवत्ता में भी अभूतपूर्व सुधार लाएगी।



