गोड्डा
मोक्ष प्राप्ति के इच्छुक व्यक्ति के लिए ज्ञान और योग दोनों आवश्यक : वेदानंद

नेशनल प्रेस टाइम्स, ब्यूरो
ठाकुरगंगटी। ठाकुरगंगटी प्रखंड क्षेत्र अंतर्गत पंजराडीह सत्संग भवन परिसर में आयोजित एक दिवसीय संतमत सत्संग मंगलवार की देर शाम सफलता पूर्वक संपन्न हो गया। इस सत्संग में पहुंचे स्वामी वेदानंद जी महाराज ने सत्संग के दौरान प्रवचन करते हुए सत्संग के महत्व पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि मोक्ष प्राप्ति के इच्छुक व्यक्ति के लिए ज्ञान और योग दोनों आवश्यक हैं। केवल धन देकर शरीर को बचाया जा सकता है, लेकिन ज्ञान व योग के बिना आत्मिक उत्थान संभव नहीं है। उन्होंने संतमत ज्ञान को अत्यंत आवश्यक बताते हुए कहा कि धर्म की रक्षा के लिए आवश्यकता पड़ने पर संत भी शस्त्र उठा सकते है। ज्ञानयुक्त योग ही मोक्ष के मार्ग को प्रशस्त करता है। आचार्य ने योग के आठ अंग-यम, नियम, आसन, प्राणायाम, धारणा, ध्यान और समाधि पर भी विस्तार से चर्चा की। उन्होंने कहा कि चित्तवृत्ति का निरोध ही ध्यान योग है। योग में प्रगति के लिए सदाचार का पालन अत्यंत आवश्यक है। मौके पर सत्संग की आयोजनकर्ता बालदेव यादव, चंद्रदेव यादव, सुनील साह, भुजरंगी पंडित, कुणाल सिंह के साथ सैकड़ो की संख्या में संतमत सत्संग प्रेमी उपस्थित थे।




