महुदा में झाड़ियों से मिला वृद्ध का शव, हत्या की आशंका से सनसनी
Elderly man's body found in bushes in Mahuda; suspected murder sparks alarm.

नेशनल प्रेस टाइम्स ब्यूरो।
धनबाद। बाघमारा के महुदा थाना क्षेत्र में एक सनसनीखेज वारदात ने इलाके में दहशत फैला दी है। काली मंदिर के समीप कुलटांड़ जाने वाले मार्ग के किनारे झाड़ियों से एक 63 वर्षीय व्यक्ति का शव बरामद किया गया है। शव पर मिले चोट के निशानों ने हत्या की आशंका को और गहरा कर दिया है। पुलिस मामले की हर पहलू से जांच में जुट गई है। महुदा थाना क्षेत्र के काली मंदिर के समीप शनिवार सुबह उस समय हड़कंप मच गया, जब सड़क किनारे झाड़ियों में एक व्यक्ति का शव पड़ा होने की सूचना स्थानीय लोगों को मिली। सूचना मिलते ही आसपास के लोगों की भीड़ जुट गई। मृतक की पहचान तारगा पंचायत के भुरूंगिया बस्ती निवासी 63 वर्षीय हलीम शेख के रूप में की गई है। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार शव झाड़ियों के अंदर संदिग्ध अवस्था में पड़ा हुआ था। सूचना मिलने के बाद महुदा थाना पुलिस मौके पर पहुंची और घटनास्थल को अपने कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी। पुलिस को मृतक के गले पर चोट के निशान मिले हैं, जिसके बाद हत्या की आशंका जताई जा रही है। घटनास्थल से आवश्यक साक्ष्य जुटाने के बाद पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। बताया जा रहा है कि हलीम शेख महुदा बाजार स्थित एक बक्सा दुकान में कार्यरत थे और रोजाना की तरह घर से निकले थे, लेकिन उनकी इस तरह मौत होने से परिजनों और ग्रामीणों में शोक के साथ-साथ आक्रोश भी है। घटना की गंभीरता को देखते हुए बाघमारा डीएसपी अजित कुमार विमल भी महुदा थाना पहुंचे और मामले की जानकारी लेते हुए जांच के संबंध में आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। शव मिलने की खबर फैलते ही मृतक के गांव से बड़ी संख्या में ग्रामीण थाना पहुंच गए, जिससे कुछ देर के लिए माहौल तनावपूर्ण हो गया। हालांकि पुलिस अधिकारियों ने लोगों से वार्ता कर स्थिति को नियंत्रित कर लिया। फिलहाल पुलिस मृतक के मोबाइल फोन, कॉल डिटेल, संपर्कों और घटनास्थल के आसपास मौजूद लोगों से पूछताछ कर मामले की तह तक पहुंचने का प्रयास कर रही है। पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट और तकनीकी जांच के बाद ही मौत के वास्तविक कारणों का खुलासा हो सकेगा। अब सभी की निगाहें इस बात पर टिकी हैं कि हलीम शेख की संदिग्ध मौत के पीछे की सच्चाई क्या है और पुलिस इस मामले का पर्दाफाश कब तक कर पाती है।



