
अयोध्या । उत्तर प्रदेश शासन की ओर से एसआईटी को सात दिनों के भीतर प्रारंभिक आंतरिक रिपोर्ट प्रस्तुत करने का निर्देश दिया गया है, जबकि 15 दिनों के भीतर विस्तृत जांच रिपोर्ट सौंपनी होगी।
श्रीराम जन्मभूमि मंदिर की दान पेटिका में कथित अनियमितता के मामले की जांच के लिए गठित तीन सदस्यीय एसआईटी सोमवार दोपहर करीब 2 बजकर 53 मिनट पर अयोध्या पहुंच गई। टीम ने मामले से जुड़े दस्तावेजों और अभिलेखों की जांच की प्रक्रिया शुरू कर दी है।
बताया गया कि श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट की ओर से जांच की मांग किए जाने के बाद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने एसआईटी का गठन किया था। रविवार को अवकाश होने के कारण टीम सोमवार को अयोध्या पहुंची।
शासन की ओर से एसआईटी को सात दिनों के भीतर प्रारंभिक आंतरिक रिपोर्ट प्रस्तुत करने का निर्देश दिया गया है, जबकि 15 दिनों के भीतर विस्तृत जांच रिपोर्ट सौंपनी होगी। टीम मामले से जुड़े सभी तथ्यों, दस्तावेजों और वित्तीय अभिलेखों की बारीकी से जांच करेगी। करोड़ों श्रद्धालुओं की आस्था से जुड़े इस प्रकरण को लेकर अब सभी की निगाहें एसआईटी की जांच और उसकी अंतिम रिपोर्ट पर टिकी हैं।
श्रद्धालुओं की मांग, जांच रिपोर्ट को जनता में रखे टीम-श्रीराम मंदिर में श्रद्धालुओं के दान और चंदे की कथित हेराफेरी को लेकर श्रद्धालुओं और आम जनता के बीच गुस्सा बढ़ गया है। श्रद्धालुओं का कहना है कि चोरी में जो भी शामिल हो उसे कड़ी से कड़ी सजा मिलनी चाहिए जिससे कोई और कभी इस तरह की घटना को अंजाम न दे सके जिससे हमारे सनातन धर्म पर उंगली उठे।
चंपत राय बीमार, अनिल मिश्रा चिकित्सकीय जांच के लिए केरल गए
राम मंदिर चढ़ावा प्रकरण की जांच के लिए गठित एसआईटी के अयोध्या पहुंचने की खबर के बीच श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय अस्वस्थ बताए जा रहे हैं। ट्रस्ट के वरिष्ठ सदस्य अनिल मिश्रा चिकित्सकीय परामर्श के लिए केरल गए हैं। सूत्रों के अनुसार चंपत राय को जुकाम के साथ शुगर बढ़ने की शिकायत है, जिसके चलते वह स्वास्थ्य लाभ ले रहे हैं। अनिल मिश्रा आंखों की जांच और चिकित्सकीय परामर्श के लिए केरल गए हैं।


