बरेली
अलखनाथ और तपेश्वर नाथ के लिए नए कनेक्टेड मार्ग
अस्पताल में आयुर्वेदिक कॉलेज शिफ्ट करने की मांग

नेशनल प्रेस टाइम्स ,ब्यूरो
बरेली। नाथ नगरी बरेली में 32 किमी नाथ कॉरिडोर के नाम पर सरकारी धन खर्च कर प्रचार खूब हुआ, लेकिन हकीकत में सात नाथ मंदिरों को जोड़ने वाले पुराने कनेक्टेड मार्ग को ही कॉरिडोर बताया गया। जनता को इसका लाभ नहीं मिला।
मान्यता प्राप्त पत्रकार निर्भय सक्सेना ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को पत्र भेजकर दो प्रमुख मंदिरों अलखनाथ और तपेश्वर नाथ के लिए वास्तव में नए कनेक्टेड मार्ग की मांग की है। पत्र में कहा गया है कि हाल में 381.1 मिमी रिकॉर्ड बारिश से सुभाषनगर, रेजिडेंसी गार्डन, लाजपतनगर में जलभराव से लोगों का घर से निकलना मुश्किल हो गया था।
प्रमुख सुझाव –
1. तपेश्वर नाथ के लिए – सुभाषनगर तपेश्वर नाथ मंदिर से पुराने बीएसए कार्यालय वाले भांतु जेल मार्ग को चौड़ा कर बदायूं रोड बीडीए कॉलोनी से जोड़ा जाए। बीच में आने वाले मकानों को वाराणसी की दालमंडी की तर्ज पर चौगुना मुआवजा देकर अतिक्रमण बुलडोजर से हटाया जाए। इससे वैकल्पिक मार्ग मिलेगा और पुलिया मार्ग पर जलभराव से राहत मिलेगी।
2. अलखनाथ के लिए – हार्टमैन स्कूल पुल के नीचे रेलवे लाइन के समानांतर बगिया होकर अलखनाथ तक नया मार्ग बनाया जाए, जिससे आगे बाकरगंज होते हुए मढ़ीनाथ तक आना-जाना आसान हो सके।
3. अस्पताल के लिए – स्मार्ट सिटी होने और बीजेपी का गढ़ होने के बावजूद शहर अतिक्रमण-जाम से जूझ रहा है। बरेली एकमात्र जिला है जहां सरकारी मेडिकल कॉलेज नहीं बना है। जिला अस्पताल दो टुकड़ों में बंटा है। टीबी अस्पताल व जर्जर भवनों को तोड़कर बहुमंजिला भवन बनाकर बांसमंडी के खस्ताहाल राजकीय आयुर्वेदिक कॉलेज को वहीं शिफ्ट किया जाए और परिसर की दुकानों का मल्टी स्टोरी शॉपिंग कॉम्प्लेक्स बनाया जाए। इससे शहर के बीच में ही लोगों को आयुर्वेदिक चिकित्सा का लाभ मिलता रहेगा। पत्रकार ने बताया कि कैंट विधायक संजीव अग्रवाल भी आयुर्वेदिक कॉलेज को जिला अस्पताल में शिफ्ट करने का समर्थन करते हैं।



