खनन कार्यालय में 85 हजार की रिश्वत लेते जिला खनन अधिकारी और लिपिक गिरफ्तार
विजिलेंस की कार्रवाई, कार्यालय से आठ लाख और आवास से करीब 60 लाख रुपये नकद मिलने का दावा

नेशनल प्रेस टाइम्स, ब्यूरो।
शामली। नवीन कलक्ट्रेट स्थित जिला खनन अधिकारी कार्यालय में गुरुवार को मेरठ से पहुंची विजिलेंस टीम ने 85 हजार रुपये की कथित रिश्वत लेते जिला खनन अधिकारी सुधाकर सिंह और लिपिक सद्दाम को रंगे हाथ गिरफ्तार किया। टीम ने कार्यालय की तलाशी के दौरान करीब आठ लाख रुपये तथा जिला खनन अधिकारी के आवास से तीन अलग-अलग बैगों में करीब 60 लाख रुपये नकद बरामद होने का दावा किया है। कार्रवाई के बाद टीम आरोपियों और बरामद नकदी को लेकर थाना आदर्शमंडी पहुंची, जहां नोटों की गिनती के लिए मशीन मंगानी पड़ी।
बताया गया कि झिंझाना क्षेत्र के गांव मंगलौरा निवासी परमाल ने खनन ठेके के सिलसिले में जिला खनन अधिकारी कार्यालय में आवेदन किया था। शिकायतकर्ता के अनुसार, ठेका चालू कराने के नाम पर जिला खनन अधिकारी की ओर से 1.35 लाख रुपये की कथित रिश्वत की मांग की जा रही थी। बार-बार अनुरोध के बावजूद मामला हल नहीं होने पर परमाल ने मेरठ विजिलेंस के एसपी राजीव कुमार से शिकायत की।
शिकायत के बाद एसपी ने एसएचओ किशनवीर के नेतृत्व में 12 सदस्यीय टीम गठित कर शामली भेजी। शिकायतकर्ता के अनुसार, 21 सितंबर को 50 हजार रुपये जिला खनन अधिकारी सुधाकर सिंह के बैंक खाते में जमा कराए गए थे। गुरुवार को टीम परमाल के साथ नवीन कलक्ट्रेट स्थित खनन कार्यालय पहुंची, जहां 85 हजार रुपये नकद देने की कार्रवाई की गई।
विजिलेंस टीम ने कथित रिश्वत की रकम लेते जिला खनन अधिकारी सुधाकर सिंह और लिपिक सद्दाम को मौके से पकड़ लिया। इसके बाद कार्यालय की तलाशी ली गई, जहां से करीब आठ लाख रुपये अतिरिक्त नकद बरामद होने की बात कही गई है।
टीम ने जिला खनन अधिकारी के आवास की भी तलाशी ली। अधिकारियों के अनुसार, वहां तीन अलग-अलग बैगों में नकदी मिली, जिसकी रकम करीब 60 लाख रुपये बताई जा रही है। बरामद नकदी की अंतिम राशि और उसके स्रोत की पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी।
कार्रवाई के दौरान विजिलेंस टीम ने एक निजी व्यक्ति को भी पकड़ा, जिसे लिपिक सद्दाम का भाई बताया गया है। बाद में टीम सभी आरोपियों और बरामद रकम को लेकर थाना आदर्शमंडी पहुंची। देर शाम तक आरोपियों से पूछताछ और मामले की जांच जारी रही।




