ललितपुर
डीएम के नाम से फर्जी सोशल मीडिया अकाउंट बनाकर रुपये मांगने वालों पर होगी एफआईआर
अधिकारी के नाम, पद व फोटो के दुरुपयोग पर डीएम सत्य प्रकाश सख्त

संदिग्ध मैसेज और आईडी से सावधान रहने की अपील
नेशनल प्रेस टाइम्स, ब्यूरो।
ललितपुर। प्रशासनिक अधिकारियों के नाम, पद और फोटो का दुरुपयोग कर फर्जी सोशल मीडिया अकाउंट बनाने और उनके माध्यम से लोगों से रुपये या अन्य अनुचित मदद मांगने के मामलों को लेकर जिलाधिकारी सत्य प्रकाश ने जनपदवासियों के लिए सतर्कता संदेश जारी किया है। डीएम ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि इस तरह की गतिविधियों में संलिप्त लोगों के खिलाफ कठोर कानूनी कार्रवाई की जाएगी और आवश्यकता पडऩे पर संबंधित धाराओं में एफआईआर दर्ज कराई जाएगी। जिलाधिकारी ने कहा कि यदि किसी शरारती या आपराधिक तत्व द्वारा जिलाधिकारी अथवा किसी अन्य प्रशासनिक अधिकारी के नाम, पद या फोटो का इस्तेमाल कर फर्जी सोशल मीडिया अकाउंट बनाया जाता है और उसके माध्यम से किसी नागरिक से अवैध धन, वित्तीय लाभ अथवा किसी अन्य प्रकार की अनुचित मदद मांगी जाती है तो मामले को गंभीरता से लिया जाएगा। डीएम ने आमजन से अपील की कि सोशल मीडिया का इस्तेमाल करते समय विशेष सतर्कता बरतें। किसी अनजान आईडी, संदिग्ध प्रोफाइल, मैसेज अथवा फ्रेण्ड रिक्वेस्ट पर बिना सत्यापन के भरोसा न करें। खासकर यदि किसी प्रशासनिक अधिकारी के नाम या फोटो वाली आईडी से रुपये अथवा किसी प्रकार की आर्थिक मदद मांगी जाए तो पहले उसकी सत्यता की पुष्टि करें। उन्होंने कहा कि किसी भी संदिग्ध संदेश के आधार पर कोई भुगतान न करें। यदि किसी व्यक्ति को प्रशासनिक अधिकारी के नाम, नंबर या फोटो का इस्तेमाल कर धनराशि मांगने वाला संदेश प्राप्त होता है तो इसकी सूचना तत्काल जिला प्रशासन, नजदीकी पुलिस थाने अथवा साइबर क्राइम सेल को दी जाए। जिलाधिकारी ने कहा कि अधिकारियों की पहचान का दुरुपयोग कर नागरिकों को भ्रमित करना और आर्थिक लाभ लेने का प्रयास गंभीर मामला है। ऐसे मामलों में उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम तथा अन्य संबंधित आपराधिक कानूनों के तहत कार्रवाई की जाएगी। दोषियों के विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज कराने के साथ नियमानुसार कठोर दंडात्मक कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। जिलाधिकारी ने कहा कि जिला प्रशासन पारदर्शी व्यवस्था के लिए प्रतिबद्ध है। इसलिए नागरिक किसी भी सोशल मीडिया संदेश, कॉल या प्रोफाइल को सत्यापित किए बिना उस पर विश्वास न करें। फर्जीवाड़े का संदेह होने पर स्वयं कार्रवाई करने के बजाय तत्काल संबंधित पुलिस अथवा प्रशासनिक अधिकारियों को सूचना दें। उन्होंने जनपदवासियों से सचेत और सुरक्षित रहने तथा साइबर धोखाधड़ी के किसी भी प्रयास की सूचना तत्काल देने की अपील की है, ताकि ऐसे मामलों में समय रहते कार्रवाई कर नागरिकों को संभावित आर्थिक नुकसान से बचाया जा सके।



