
जांच और कार्रवाई की मांग
नेशनल प्रेस टाइम्स, ब्यूरो
बालाघाट(म0प्र0) : बालाघाट जिले की बिरसा तहसील क्षेत्र के ग्राम बिजाटोला, बखारीकोना सहित आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों में टेस्टा हाईब्रिड धान बीज को लेकर किसानों में नाराजगी सामने आई है। किसानों ने आरोप लगाया है कि उन्हें बेहतर गुणवत्ता और अधिक उत्पादन देने वाला बीज बताकर धान बीज की बिक्री की गई, लेकिन खेत में बोवनी के बाद अपेक्षित परिणाम नहीं मिलने से किसान खुद को ठगा हुआ महसूस कर रहे हैं।
मामले की जानकारी मिलते ही भारतीय मजदूर संघ बिरसा तहसील के पदाधिकारी किसानों के समर्थन में आगे आए और किसानों की समस्या को प्रशासन तक पहुंचाते हुए तहसील कार्यालय, कृषि विभाग कार्यालय और पुलिस थाना बिरसा में किसानों की उपस्थिति में ज्ञापन सौंपा।
किसानों का आरोप –
अच्छी क्वालिटी बताकर बेचा गया बीजकिसानों के अनुसार टेस्टा हाईब्रिड धान कंपनी के एजेंट वीरेंद्र यादव द्वारा गांवों में पहुंचकर कंपनी के धान बीज का प्रचार-प्रसार किया गया और किसानों को बीज की गुणवत्ता अच्छी बताकर अप्रैल माह में नगद बिक्री की गई।
किसानों ने बताया कि उन्होंने विश्वास के साथ बीज खरीदा और खेतों में बोवनी की, लेकिन करीब 15 दिन बाद भी कई जगह धान बीज का उचित अंकुरण नहीं हुआ। इसके बाद प्रभावित किसानों ने आपस में चर्चा कर मामले की शिकायत करने का निर्णय लिया।
कई गांवों में बिक्री की आशंकाग्रामीणों का कहना है कि यह मामला केवल एक गांव तक सीमित नहीं है, बल्कि बालाघाट जिले के अन्य ग्रामीण क्षेत्रों में भी इस प्रकार बीज बिक्री किए जाने की जानकारी सामने आ रही है। किसानों ने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की है।
कृषि विभाग ने कही कार्रवाई की बातइस मामले को लेकर बैहर कृषि विभाग के एसडीओ धुर्वे जी से फोन पर जानकारी ली गई। उन्होंने बताया कि कृषि विभाग द्वारा समय-समय पर किसानों को जागरूक किया जाता है तथा व्हाट्सएप ग्रुप और अन्य माध्यमों से भी जानकारी साझा की जाती है।
उन्होंने कहा कि यदि कोई व्यक्ति बिना अनुमति या गलत जानकारी देकर किसानों को भ्रमित करता है तो उसकी सूचना विभाग को दी जाए। विभाग द्वारा जांच कर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी और किसानों के हित में हर संभव प्रयास किया जाएगा।
कृषि विभाग की निगरानी पर किसानों ने उठाए सवालकिसानों का कहना है कि विभाग द्वारा अक्सर बीज दुकानों और रिटेलरों की जांच कर सैंपल लिए जाते हैं, लेकिन गांव-गांव जाकर बीज बेचने वाले एजेंटों पर निगरानी की कमी दिखाई देती है। किसानों ने मांग की है कि ऐसे लोगों की जांच कर कार्रवाई की जाए ताकि भविष्य में अन्य किसान नुकसान से बच सकें।
भारतीय मजदूर संघ ने दिया किसानों को सहयोग का भरोसाभारतीय मजदूर संघ बिरसा तहसील के पदाधिकारियों ने किसानों के साथ खड़े होकर उनकी समस्या को गंभीरता से उठाया। संघ ने किसानों को भरोसा दिलाया कि उनके हितों के लिए हर संभव सहयोग किया जाएगा।
किसानों ने दी उच्च स्तर पर शिकायत की चेतावनीकिसानों ने कहा है कि यदि समय रहते मामले का समाधान नहीं किया गया और दोषियों पर कार्रवाई नहीं हुई तो वे उच्च अधिकारियों सहित मुख्यमंत्री को शिकायत करने के लिए मजबूर होंगे।
किसानों की मांग है कि पूरे मामले की जांच कर दोषियों पर कार्रवाई की जाए तथा प्रभावित किसानों को उचित राहत और नुकसान की भरपाई दिलाई जाए।
अब देखना होगा कि प्रशासन इस मामले में जांच कर किसानों को राहत दिलाने के लिए क्या कदम उठाता है।




