
नई दिल्ली। भारत ने पाकिस्तान को स्पष्ट कहा कि सिंधु जल संधि पर बात तभी आगे बढ़ेगी, जब वह सीमा पार आतंकवाद का समर्थन पूरी तरह बंद करेगा। साथ ही भारत ने वेनेजुएला में भारतीय नाविक के शव से कथित छेड़छाड़ के मामले की जांच की मांग की है। भारत ने तीस्ता परियोजना पर कहा कि नीति आपसी सहमति और सभी पहलुओं को देखकर तय होगी।
भारत ने पाकिस्तान को लगाई लताड़-विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने कहा कि सिंधु जल संधि पर भारत का रुख पहले जैसा ही है। पाकिस्तान की ओर से लगातार सीमा पार आतंकवाद को समर्थन दिए जाने के कारण यह संधि फिलहाल स्थगित है। अगर पाकिस्तान चाहता है कि इस पर आगे बात हो, तो उसे सीमा पार आतंकवाद का समर्थन हमेशा के लिए पूरी तरह बंद करना होगा।
वेनेजुएला के सामने उठाया शव से कथित छेड़छाड़ का मामला-विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने कहा, वेनेजुएला में ड्यूटी के दौरान जहाज पर जान गंवाने वाले भारतीय नाविक राकेश चौहान के शव के साथ कथित छेड़छाड़ और अंग निकाले जाने के मामले को भारत ने वेनेजुएला सरकार के सामने उठाया है। हमने वहां की सरकार से इस मामले की जल्द और निष्पक्ष जांच कराने का अनुरोध किया है।
तीस्ता नदी परियोजना पर क्या कहा?
तीस्ता नदी परियोजना पर प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने कहा, भारत की ओर से मदद दोनों देशों की आपसी सहमति से बने रोडमैप के आधार पर दी जाती है। इसकी नियमित समीक्षा भी की जाती है। तीस्ता नदी परियोजना पर भारत अपने विचार पहले ही बांग्लादेश को बता चुका है। इस मुद्दे पर आगे की अपनी नीति बनाने समय हम संभी संबंधित पहलुओं को ध्यान में रखेंगे।
ईरान के दिवंगत सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई के अंतिम संस्कार में भेजे गए भारतीय प्रतिनिधिमंडल पर रणधीर जायसवाल ने कहा, बिहार के राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल (सेवानिवृत्त) सैयद अता हसनैन और विदेश राज्य मंत्री पबित्र मार्गेरिटा आज तेहरान गए हैं। वे सर्वोच्च नेता के निधन के बाद आयोजित अंतिम संस्कार समारोह में भारत का प्रतिनिधित्व करेंगे।
प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने कहा कि अफगानिस्तान के मामले में, हमने पाकिस्तान से अफगानिस्तान पर हुए हवाई हमलों की कड़ी निंदा की थी, जिनमें महिलाओं और बच्चों समेत कई आम नागरिकों की जान चली गई थी। हमने इन कीमती जानें जाने पर अपनी संवेदना व्यक्त की थी। साथ ही, हमने अफगानिस्तान की क्षेत्रीय अखंडता और संप्रभुता के प्रति अपना मजबूत समर्थन भी दोहराया था। जहां तक अफगानिस्तान को दिए जा रहे समर्थन की बात है, तो हमारा मानवीय सहायता का सहयोग जारी है। हम उन्हें दवाइयां भेजते रहे हैं। हम उन्हें अन्य तरह की मदद भी भेजते रहे हैं।



