गोड्डा
अंतिम बेला में शामिल गांव समाज से लेकर प्रखंड स्तर के सभी सभी प्रतिनिधि एवं बढ़ चढ़कर लिया हिस्सा

नेशनल प्रेस टाइम्स, ब्यूरो।
बसंतराय/गोड्डा : बसंतराय प्रखंड अंतर्गत कैवा पंचायत के परसिया गांव निवासी सोनू कुमार उर्फ ऋतिक कुमार पासवान (पिता–अरविंद पासवान) की सड़क दुर्घटना में हुई मौत से पूरे गांव में शोक की लहर है। शनिवार को जब उनका पार्थिव शरीर गांव पहुंचा तो परिजनों के साथ-साथ ग्रामीणों की आंखें भी नम हो गईं। परिजनों के अनुसार, सोनू अपनी मां सावित्री कुमारी के साथ रांची से घर लौटने वाले थे। उन्होंने पहले मां को ट्रेन में बैठाया और दोस्त की मोटरसाइकिल से नाश्ता लाने बाजार चले गए। इसी दौरान मोटरसाइकिल अनियंत्रित होकर सड़क किनारे बने गार्ड वॉल से टकरा गई, जिससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई। कुछ देर बाद सोनू का एक दोस्त उन्हें बुलाने ट्रेन पर पहुंचा। मां ने बताया कि वह नाश्ता लेने गए हैं। जब दोस्त ने सोनू के मोबाइल पर फोन किया तो फोन रांची पुलिस लाइन से उठाया गया। वहां से दुर्घटना और सोनू की मृत्यु की सूचना मिलने पर परिवार में कोहराम मच गया। घटना की जानकारी मिलने पर गोड्डा विधायक एवं श्रम मंत्री संजय प्रसाद यादव को अवगत कराया गया। उनके पुत्र रजनीश भारती ने पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी कराने के बाद पार्थिव शरीर को एंबुलेंस से रांची से गांव पहुंचाने की व्यवस्था की तथा एंबुलेंस और अंतिम संस्कार से जुड़े खर्च में भी सहयोग किया। सबसे भावुक दृश्य उस समय देखने को मिला जब सोनू का पालतू डॉगी अपने मालिक के पार्थिव शरीर के पास पहुंचा। परिजनों के अनुसार, यह वही डॉगी था जिसे सोनू ने बड़े प्रेम से पाला था। अंतिम विदाई के समय वह पार्थिव शरीर के चारों ओर घूमता रहा और लगातार बेचैन होकर रोता रहा। यह दृश्य देखकर वहां मौजूद लोग भी भावुक हो उठे। मृतक की मां सावित्री कुमारी का इलाज भागलपुर में चल रहा है। बेटे की मौत की खबर मिलने के बाद वह गहरे सदमे में हैं और अंतिम विदाई के समय भी कुछ बोल नहीं सकीं। वहीं, नानी अपने नाती को याद कर बिलखती रहीं और बार-बार रोते हुए उसे पुकारती रहीं। मृतक के भाई मोनू सोनू से लिपटकर बार-बार कहता रहा कि मेरा दोस्त मेरा बड़ा भाई मुझे छोड़ चला गया और घर के सारे जिम्मेदारी खेलने खान की उम्र में मेरे कंधे पर देकर चला गया। पिता अरविंद पासवान ने नम आंखों से बताया कि उनके दो बेटे हैं—सोनू और मोनू। उन्होंने दोनों की पढ़ाई के लिए अपनी जमीन तक बेच दी थी। सोनू ने स्नातक, पैरामेडिकल और बी.एड. की पढ़ाई पूरी की थी। परिवार को उम्मीद थी कि जल्द ही उसे सरकारी नौकरी मिलेगी और परिवार की जिम्मेदारियां कम होंगी, लेकिन एक सड़क दुर्घटना ने उनकी सारी उम्मीदें छीन लीं। परिवार ने बताया कि सोनू की पत्नी संगीता कुमारी लगभग पांच माह की गर्भवती हैं। कुछ महीनों बाद परिवार में नए सदस्य के आने की खुशी का इंतजार था, लेकिन उससे पहले ही घर के बड़े बेटे की अर्थी उठ गई। इस दुखद घटना ने पूरे परिवार को गहरे शोक में डुबो दिया है। अंतिम बेला में शामिल गांव समाज से लेकर प्रखंड स्तर के सभी सभी प्रतिनिधि एवं बढ़ चढ़कर हिस्सा लेने वाले भावीं मुखिया प्रत्याशी जगदंबे यादव अब्दुल सत्तार दिवाकर शर्मा पत्रकार मोहम्मद कलीम मोहम्मद छगुरु इत्यादि शेखरो लोग शामिल थे



