उद्यमियों की समस्याओं का समयबद्ध व गुणवत्तापूर्ण निस्तारण सुनिश्चित करें : मण्डलायुक्त
मण्डल स्तरीय उद्योग बन्धु समिति की बैठक में अधिकारियों को कड़े निर्देश

औद्योगिक निवेश बढ़ाने और योजनाओं की प्रगति तेज करने पर जोर
नेशनल प्रेस टाइम्स, ब्यूरो।
गोरखपुर : मण्डलायुक्त अनिल ढींगरा की अध्यक्षता में मण्डल स्तरीय उद्योग बन्धु समिति की महत्वपूर्ण बैठक आयुक्त सभागार में आयोजित की गई। बैठक में मण्डल के विभिन्न जनपदों से आए उद्यमियों, विभागीय अधिकारियों एवं उद्योग बन्धु समिति के सदस्यों ने सहभागिता की। बैठक का मुख्य उद्देश्य उद्यमियों की समस्याओं का त्वरित समाधान, विभागों के बीच समन्वय स्थापित करना तथा मण्डल में औद्योगिक निवेश को गति प्रदान करना रहा।
बैठक को संबोधित करते हुए मण्डलायुक्त अनिल ढींगरा ने स्पष्ट रूप से निर्देशित किया कि उद्यमियों की समस्याओं को प्राथमिकता के आधार पर लिया जाए और उनका गुणवत्तायुक्त एवं समयबद्ध निस्तारण सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने कहा कि उद्यमी किसी भी क्षेत्र की आर्थिक प्रगति के महत्वपूर्ण स्तंभ होते हैं, इसलिए उनकी समस्याओं के समाधान में किसी भी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी। उन्होंने यह भी कहा कि यदि किसी विभाग द्वारा शिथिलता बरती जाती है तो संबंधित अधिकारियों की जवाबदेही तय की जाएगी।
मण्डलायुक्त ने कहा कि उद्योग बन्धु समिति की बैठकों का उद्देश्य केवल औपचारिकता निभाना नहीं है, बल्कि यह मंच उद्यमियों और शासन-प्रशासन के बीच सीधा संवाद स्थापित करने का एक सशक्त माध्यम है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि उद्यमियों द्वारा उठाए गए प्रत्येक मुद्दे को गंभीरता से लें और उनके समाधान के लिए प्रभावी कार्यवाही सुनिश्चित करें।
प्रदेश सरकार की औद्योगिक नीति का उल्लेख करते हुए मण्डलायुक्त ने कहा कि वर्तमान सरकार मण्डल में निवेश को प्रोत्साहित करने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि गोरखपुर मण्डल में औद्योगिक संभावनाएं व्यापक हैं और यदि विभागीय स्तर पर समुचित समन्वय स्थापित किया जाए तो यहां बड़े स्तर पर निवेश आकर्षित किया जा सकता है। उन्होंने सभी संबंधित विभागों को निर्देशित किया कि वे निवेशकों को आवश्यक सुविधाएं प्रदान करने में सक्रिय भूमिका निभाएं और अनावश्यक अड़चनों को दूर करें।
बैठक के दौरान वित्तीय वर्ष 2026-27 में संचालित विभिन्न योजनाओं की प्रगति की भी विस्तृत समीक्षा की गई। समीक्षा के दौरान मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान (सीएम युवा), मुख्यमंत्री युवा स्वरोजगार योजना तथा ओडीओपी (एक जनपद एक उत्पाद) वित्त पोषण योजना की प्रगति अपेक्षाकृत धीमी पाई गई। इस पर मण्डलायुक्त ने नाराजगी व्यक्त करते हुए देवरिया, कुशीनगर और महराजगंज के जिला उद्योग अधिकारियों को कड़ी फटकार लगाई।
उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिया कि सभी योजनाओं के निर्धारित लक्ष्यों को शीघ्र पूरा किया जाए और लाभार्थियों को समय पर योजनाओं का लाभ उपलब्ध कराया जाए। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि लक्ष्य प्राप्ति में लापरवाही पाई गई तो संबंधित अधिकारियों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई की जाएगी। मण्डलायुक्त ने यह भी कहा कि योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन से न केवल रोजगार के अवसर बढ़ेंगे, बल्कि क्षेत्र की आर्थिक स्थिति भी सुदृढ़ होगी।
निवेश मित्र पोर्टल की समीक्षा के दौरान बताया गया कि विभिन्न विभागों द्वारा पोर्टल पर प्राप्त स्वीकृतियों, अनापत्तियों एवं अनुमोदनों से संबंधित मामलों का निस्तारण ऑनलाइन किया जाता है। इस पर मण्डलायुक्त ने निर्देश दिया कि पोर्टल पर लंबित सभी प्रकरणों का शत-प्रतिशत निस्तारण निर्धारित समय सीमा के भीतर किया जाए। उन्होंने कहा कि निवेश मित्र पोर्टल निवेशकों के लिए एक महत्वपूर्ण सुविधा है और इसके माध्यम से पारदर्शिता एवं त्वरित सेवा सुनिश्चित की जानी चाहिए।
उन्होंने अधिकारियों से यह भी कहा कि वे पोर्टल पर प्राप्त आवेदनों की नियमित मॉनिटरिंग करें और किसी भी प्रकार की देरी को तत्काल दूर करें। इससे निवेशकों का विश्वास बढ़ेगा और प्रदेश में निवेश का माहौल और अधिक अनुकूल बनेगा।
बैठक में उद्यमियों द्वारा बिजली, भूमि उपलब्धता, स्वीकृतियों में देरी, बैंकिंग सहयोग और अन्य प्रशासनिक समस्याओं को भी उठाया गया, जिस पर मण्डलायुक्त ने संबंधित विभागों को निर्देशित किया कि वे इन समस्याओं का शीघ्र समाधान सुनिश्चित करें। उन्होंने कहा कि उद्यमियों को किसी भी प्रकार की अनावश्यक परेशानी न हो, इसके लिए विभागीय अधिकारी संवेदनशीलता के साथ कार्य करें।
बैठक में सीईओ गीडा अनुज मलिक, पुलिस अधीक्षक (नगर) निमिष पाटिल, पुलिस अधीक्षक यातायात अमित श्रीवास्तव, संयुक्त आयुक्त उद्योग गौरव मिश्रा सहित मण्डल के विभिन्न विभागों के अधिकारी एवं उद्योग बन्धु समिति के सदस्य उपस्थित रहे।
अंत में मण्डलायुक्त ने सभी अधिकारियों को निर्देश दिया कि वे समन्वय बनाकर कार्य करें और मण्डल में औद्योगिक विकास को नई दिशा देने के लिए ठोस प्रयास करें। उन्होंने कहा कि यदि सभी विभाग मिलकर कार्य करेंगे तो गोरखपुर मण्डल को औद्योगिक दृष्टि से एक मजबूत पहचान दिलाई जा सकती है।


