बेतुल
बैतूल पार्टी एवं पद मोह में कानून का ज्ञान भूल गए भाजपा जिला अध्यक्ष: लवलेश बब्बा राठौर
आरोप:भाजपा नेताओं ने ही कानून तोड़ा, अब उल्टा कांग्रेसियों को बना रहे अपराधी

नेशनल प्रेस टाइम्स, ब्यूरो
बैतूल। नगर के कारगिल चौक पर झंडा विवाद ने बैतूल की राजनीति में भूचाल मचा दिया है। कांग्रेस नेता बब्बा राठौर ने भाजपा जिलाध्यक्ष सुधाकर पवांर (अधिवक्ता)के बयान पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि भाजपा जिला अध्यक्ष खुद अधिवक्ता होते हुए भी कानून की जानकारी छोडक़र अनपढ़ जैसी बयानबाजी कर रहे हैं। असल में कानून का उल्लंघन कांग्रेसियों ने नहीं बल्कि भाजपा कार्यकर्ता सतीश बडोनिया ने किया है। राठौर ने कहा कि यह बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है कि भाजपा शहीदों के नाम पर भी सस्ती राजनीति करने से नहीं चूकती। उन्होंने खुलासा किया कि पुलवामा में शहीद हुए जवानों को श्रद्धांजलि देने के दौरान भाजपा ने कारगिल चौक पर अपना बैनर लगाकर श्रद्धांजलि सभा को भी राजनीतिक रंग दे दिया था। शहीदों की आड़ में भाजपा सिर्फ अपनी लोकप्रियता का खेल खेलती है। राठौर ने झंडा विवाद पर बड़ा सवाल उठाते हुए कहा कि कांग्रेस शहर अध्यक्ष मोनू बडोनिया ने खुद पुलिस को सतीष बडोनिया द्वारा कांग्रेस पार्टी के झंडे निकालने की शिकायत कर बुलाया था। यानी कानून का पालन कांग्रेस ने किया। लेकिन झंडा हटाने और फेंकने का काम भाजपा नेता सतीश बडोनिया द्वारा किया गया। अगर झंडे लगाना गलत था तो भाजपा कार्यकर्ता को इसकी शिकायत करना चाहिए था। लेकिन उन्होंने खुद कानून को अपने हाथ में लेते हुए झंडे निकाले और कानून को ना मानने का प्रमाण दिया। कांग्रेस पार्टी के झंडे के साथ तिरंगा झंडा भी निकाला गया है। अगर भाजपा जिलाध्यक्ष कानून और तिरंगे का सम्मान करते हैै तो उनको सामने आकर इसकी जांच करवाना चाहिए। इससे यह प्रतीत होता है कि भाजपा कार्यकर्ता एवं नेता अपने आप को कानून से बढ़ा मानते है। तिरंगे का अपमान किसने किया यह जांच का विषय है, लेकिन पुलिस ने बिना साक्ष्य जुटाए एकतरफा कार्रवाई कर कांग्रेस नेताओं पर मारपीट का केस दर्ज कर दिया। कांग्रेस का आरोप है कि भाजपा की साजिश के तहत ही पुलिस को विपक्ष को दबाने का औजार बनाया जा रहा है। बब्बा राठौर ने कहा कि अगर सचमुच जांच होगी तो सबसे बड़ा दोषी भाजपा के नेता एवं कार्यकर्ता निकलेंगे। लेकिन भाजपा चाहती ही नहीं कि सच सामने आए। उन्होंने भाजपा नेताओं पर निशाना साधते हुए कहा कि एक तरफ वे खुद कानून के जानकार होने का दावा करते हैं और दूसरी तरफ ऐसे बयान देते हैं जो तथ्यहीन और झूठे हैं। सच यह है कि भाजपा कार्यकर्ताओं ने तिरंगे का अपमान किया और अब पूरे मामले में कांग्रेस को अपराधी बनाने का खेल खेला जा रहा है। राठौर ने चेतावनी दी कि कांग्रेस ऐसे झूठे मामलों से डरने वाली नहीं है। भाजपा जितनी दमनकारी कार्रवाई करेगी, उतने ही बड़े आंदोलन के साथ कांग्रेस जनता के बीच उतरेगी। शहीदों के नाम पर राजनीति और तिरंगे का अपमान करने वालों को जनता कभी माफ नहीं करेगी।
भाजपा जिलाध्यक्ष ने अपने बयान में यह भी कहा कि इस मामले से भाजपा का कोई लेना देना नहीं है। जबकि सच्चाई यह है कि सतीष बडोनिया के साथ कांग्रेस कार्यकर्ताओं पर कार्रवाई करवाने के लिए आमला के विधायक डॉ.योगेश पंडागरे स्वयं थाने गए थे। जिससे स्पष्ट होता है कि सारी कार्रवाई भाजपा नेताओं के दबाव में की गई।



