बोकारो जिले में बंद होते – होते रह गया पवार प्लांट, अंधकार में जाने से बचा कई क्षेत्र

नेशनल प्रेस टाइम्स ब्यूरो।
बोकारो। प्रबंधन और मजदूरों के बीच चल रहे तनाव के कारण पावर प्लांट लगभग बंद ही हो गया था। बोकारो जिला प्रशासन के हस्तक्षेप के बाद झारखंड के कई क्षेत्र अंधकार में जाने से बच गए।
बोकारो थर्मल स्थित दामोदर वैली कॉरपोरेशन ( डीवीसी ) के 500 मेगावाट क्षमता वाले पावर प्लांट में ऐश पाउंड से छाई उठाव को लेकर उत्पन्न अस्थायी समस्या का समाधान जिला प्रशासन के तत्पर हस्तक्षेप से सफलतापूर्वक कर लिया गया है। जिला प्रशासन के अनुसार इस दौरान प्लांट के संचालन या बिजली उत्पादन पर कोई प्रतिकूल प्रभाव नहीं पड़ा। जबकि 12 नवंबर को प्रबंधन की तरफ से आई खबर के अनुसार 11 नवंबर की देर रात में प्रबंधन से इस यूनिट को बंद कर दिया था। उपयुक्त अजय नाथ झा के निर्देश पर 13 नवंबर की सुबह अपर समाहर्ता (एसी) मो. मुमताज अंसारी एवं एसडीओ, बेरमो मुकेश मछुआ ने डीवीसी प्रबंधन एवं श्रमिक प्रतिनिधियों के साथ बीटीपीएस स्थित सभागार में संयुक्त बैठक की। इस बैठक में ऐश पाउंड से छाई उठाव कार्य से संबंधित मुद्दों पर विस्तार से चर्चा हुई। बैठक का मुख्य उद्देश्य तकनीकी समस्याओं को समझना, श्रमिकों की उचित मांगों पर विचार करना तथा उत्पादन गतिविधियों को बिना बाधा जारी रखना रहा। बीटीपीएस में हुई बैठक में सभी पक्षों के बीच संवाद सकारात्मक रहा। डीवीसी प्रबंधन ने उपस्थित अधिकारियों के समक्ष यह आश्वासन दिया कि तकनीकी समस्याओं का समाधान शीघ्र किया जाएगा तथा श्रमिकों की मांगों पर सहानुभूतिपूर्वक कदम उठाया जाएगा। श्रमिक प्रतिनिधियों ने भी उत्पादन कार्य को सुचारू बनाए रखने के लिए सहयोग देने का भरोसा जताया। इस सहमति के साथ यह निर्णय लिया गया कि भविष्य में किसी भी प्रकार की तकनीकी या श्रमिक संबंधित समस्या उत्पन्न होने पर संवाद के माध्यम से उसका निराकरण किया जाएगा। आपको बता दे कि कई महीनों से ऐश पौंड से छाई के उठाव न होने के कारण नूरी नगर स्थित दोनों ऐश पौंड लबालब भर गए थे। थोड़ी भी जगह नहीं बची थी कि नया ऐश डाला जा सके। ऐसे में उत्पादन जारी रखना असंभव था। इसी लिए 11 नवंबर की देर रात इस यूनिट को बंद करने का निर्णय ले लिया गया था। इसकी विधिवत सूचना जारी हो गई थी और प्रबंधन ने मीडिया द्वारा पूछे जाने पर अपनी सहमति जताई थी। मीडिया में इस आशय की खबर भी 12 नवंबर को आई थी। इसके बाद आज जिला प्रशासन सक्रिय हुआ और बैठक में सकारात्मक निर्णय हुआ। जिला प्रशासन द्वारा जारी प्रेस बयान में कहा गया है कि डीवीसी बोकारो थर्मल का 500 मेगावाट पावर प्लांट पूरी तरह से चालू है। प्लांट बंद नहीं हैं। वर्तमान में बिजली उत्पादन सामान्य रूप से जारी है। श्रमिकों की कुछ मांगों को लेकर पिछले कई महीने ऐश पाउंड से छाई का उठाव नहीं हो रहा था। डीवीसी प्रबंधन द्वारा अपने स्तर से मामले के समाधान को लेकर कई बार प्रयास किया गया, लेकिन सफलता नहीं मिली। बाद में, जिला प्रशासन के समक्ष प्रबंधन द्वारा बात रखी गई। जिस पर संज्ञान लेते हुए #डीसी ने डीवीसी चेयरमैन से मामले में चर्चा कर समस्या के समाधान के लिए सकारात्मक पहल किया। जिसके बाद आज जिला प्रशासन की अगुवाई में आहूत बैठक में मामले का निष्पादन हुआ।



