
जम्मू। लेह के दुरबुक उप-मंडल में सेना के काफिले पर विशाल चट्टान गिरने से दो सैनिक बलिदान और तीन गंभीर रूप से घायल हो गए। फायर एंड फ्यूरी कोर ने बलिदानियों को श्रद्धांजलि दी और घायलों के इलाज का इंतजाम किया।
बुधवार को गलवान के चारबाग इलाके में सेना के एक चलते हुए वाहन पर एक विशाल चट्टान गिरने से लेफ्टिनेंट कर्नल भानु प्रताप सिंह और लांस दफादार दलजीत सिंह बलिदान हो गए। इस दर्दनाक दुर्घटना में दो अन्य सैनिक भी घायल हो गए हैं।
घटना उस समय हुई जब सुबह करीब 11:30 बजे सेना का एक काफिला दुरबुक और चोंगटास के बीच खड़ी ढलानों और नाजुक भूभाग वाले संकरे रास्ते से गुजर रहा था। यह काफिला 60 आर्मर्ड रेजिमेंट के नियमित उच्च-ऊंचाई प्रशिक्षण अभियान का हिस्सा था।
पत्थर सीधे काफिले के एक वाहन से टकराया, जिससे वाहन में सवार सैनिकों को गंभीर चोटें आईं। साथी सैनिकों ने तुरंत राहत और बचाव कार्य शुरू किया और घायलों को हवाई मार्ग से निकाला गया।
घायलों को लेह के जनरल अस्पताल ले जाया गया, जहां उनकी मृत्यु हो गई। दो अन्य घायल सैनिकों का भी वहीं इलाज चल रहा है और उनकी हालत स्थिर बताई जा रही है।
सेना प्रशासन ने इस दुखद घटना पर गहरा शोक व्यक्त करते हुए बलिदानियों के परिवारों के प्रति संवेदना जताई है और घायलों के जल्द स्वस्थ होने की कामना की है।



