अतिथि भवन में भव्य शांति विधान का आयोजन
आचार्य श्री 108 नयन सागर जी मुनिराज के सान्निध्य में हुआ आयोजन

बागपत। आज अतिथि भवन में दिगंबर जैन समाज के तत्वावधान में आचार्य श्री 108 नयन सागर जी मुनिराज के दिव्य सान्निध्य में शांति विधान का भव्य आयोजन संपन्न हुआ। इस अवसर पर मुनिराज श्री ने धर्मसभा को संबोधित करते हुए कहा,
“सच्चा समर्थवान वही है, जिसने जिनेंद्र भगवान की भक्ति की है। जिनेंद्र भगवान के दर्शन करने मात्र से अशुभ कर्मों का क्षय होता है और आत्मा को शांति प्राप्त होती है। शरीर भले ही दुर्बल हो सकता है, किंतु आत्मा को कभी कमजोर मत होने देना। भक्ति वह मार्ग है जो समस्त पापों का नाश कर देता है।”
कार्यक्रम के दौरान दिगंबर जैन समाज समिति की ओर से आचार्य श्री से आगामी 25 जुलाई से 9 अगस्त 2025 तक अतिथि भवन में शांति विधान आयोजित करने की विनती की गई, जिसे आचार्य श्री ने अपने आशीर्वाद सहित सहर्ष स्वीकार किया।
आज की धर्मसभा में बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे। प्रमुख रूप से प्रवीण जैन, मनोज कुमार जैन, मनोज जैन संभव, पुनीत जैन, दिनेश जैन, अनुराग जैन, मोहन जैन, राकेश जैन, सतीश जैन, अमित जैन, आनंद जैन, प्रवेश जैन सहित अन्य श्रद्धालुओं ने भाग लिया और धर्मलाभ प्राप्त किया।



