दावोस में बोले असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा।
पूर्वोत्तर को वैश्विक औद्योगिक मानचित्र पर लाने का प्रयास, असम हर निवेश के लिए तैयार।

नेशनल प्रेस टाइम्स, ब्यूरो
असम : विश्व आर्थिक मंच (डब्ल्यूईएफ) की बैठक के दौरान असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने पूर्वोत्तर भारत को वैश्विक औद्योगिक पटल पर स्थापित करने की दिशा में सकारात्मक संकेत दिए। समिट के साइडलाइन्स पर बोलते हुए असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने कहा कि भारत की आर्थिक कहानी अब कुछ प्रमुख राज्यों तक सीमित नहीं रही, बल्कि पूरे देश की एकजुट ताकत बन गई है, जहां हर क्षेत्र वैश्विक पूंजी के लिए आकर्षक गंतव्य है।मुख्यमंत्री सर्मा ने कहा कि , “हमें असम के बारे में बोलने का बहुत अच्छा मंच मिला। पहले भारत का मतलब लोगों को 4-5 राज्यों से ही होता था। लेकिन आज जब असम जैसे राज्य यहां आकर प्रतिनिधित्व करते हैं, तो हम पूरे भारत की बात करते हैं, न कि किसी एक राज्य या क्षेत्र की। असम की मौजूदगी ही दर्शाती है कि अब राष्ट्र ‘पूरे राष्ट्र’ की बात कर रहा है।” मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने बताया कि देश अब पारंपरिक आर्थिक केंद्रों से आगे बढ़ चुका है। अब भारत ऐसी स्थिति में है जहां कोई भी राज्य निवेश को आकर्षित या आत्मसात कर सकता है, क्योंकि हर क्षेत्र की अपनी अनूठी औद्योगिक ताकत है। असम के पारंपरिक क्षेत्रों जैसे चाय और हाइड्रोकार्बन का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि अब फोकस उच्च तकनीक और टिकाऊ क्षेत्रों पर है। “अब हम उर्वरक और रसायन, सेमीकंडक्टर का पूरा पारिस्थितिकी तंत्र, इलेक्ट्रॉनिक्स, हरित ऊर्जा और नई ऊर्जा की बात कर रहे हैं। असम ने वैश्विक पटल पर अपनी पहचान बना ली है।” इस यात्रा को अत्यंत उत्पादक बताते हुए मुख्यमंत्री सरमा ने कहा कि असम प्रतिनिधिमंडल ने वैश्विक और राष्ट्रीय निवेशकों से कई मुलाकातें कीं। इनसे कई समझौता ज्ञापनों (एमओयू) पर हस्ताक्षर हुए, जो राज्य की बुनियादी ढांचा और औद्योगिक क्षमता को मजबूत करेंगे। उन्होंने कहा, “इस समिट में हमने कई निवेशकों से मुलाकात की, एमओयू साइन किए। पूरी यात्रा बहुत उपयोगी रही और हम परिणामों से खुश हैं।”


