बागपत
बड़ौत में शोक की लहर: शिक्षा के दीप स्तंभ मास्टर ओमप्रकाश का निधन

नेशनल प्रेस टाइम्स,ब्यूरो।
बड़ौत। क्षेत्र के सम्मानित शिक्षक और समाज के मार्गदर्शक मास्टर ओमप्रकाश अब हमारे बीच नहीं रहे। 85 वर्ष की आयु में उनके निधन से पूरे बड़ौत क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई है। उनके जाने से शिक्षा जगत ही नहीं, बल्कि समाज के हर वर्ग को अपूरणीय क्षति हुई है।
मास्टर ओमप्रकाश ने अपने जीवन के लंबे कालखंड को शिक्षा के लिए समर्पित किया। उनके पढ़ाए हुए छात्र आज देश-विदेश में इंजीनियर, डॉक्टर और विभिन्न उच्च पदों पर कार्यरत हैं। उनके सख्त अनुशासन, सरल स्वभाव और समर्पित शिक्षण शैली ने हजारों विद्यार्थियों के जीवन को दिशा दी।
बड़ौत वासी उन्हें एक आदर्श शिक्षक और समाजसेवी के रूप में याद कर रहे हैं। उनके निधन की खबर मिलते ही उनके पूर्व छात्र, शुभचिंतक और क्षेत्रवासी उनके आवास पर श्रद्धांजलि देने पहुंचे।
इस दुखद अवसर पर उनके भाई मास्टर धर्मपाल सिंह और भतीजे ने गहरा शोक व्यक्त करते हुए कहा कि “मास्टर ओमप्रकाश का जाना हमारे परिवार ही नहीं, पूरे समाज के लिए ऐसी क्षति है, जिसकी भरपाई किसी भी कीमत पर संभव नहीं है।”
मास्टर ओमप्रकाश का जीवन सादगी, सेवा और शिक्षा के प्रति समर्पण की मिसाल रहा है। उनका योगदान सदैव स्मरणीय रहेगा और आने वाली पीढ़ियों को प्रेरित करता रहेगा।

