जमीन म्यूटेशन में लापरवाही पर सीएम हेमंत सोरेन सख्त, अधिकारियों को कार्रवाई के निर्देश
CM Hemant Soren strict on negligence in land mutation, instructions to officials for action

नेशनल प्रेस टाइम्स ब्यूरो।
रांची। झारखंड में जमीन म्यूटेशन (नामांतरण) मामलों में लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों और कर्मचारियों पर अब सख्ती तय मानी जा रही है। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने गढ़वा जिले के मेराल अंचल में लंबित म्यूटेशन मामलों को गंभीरता से लेते हुए कड़ा रुख अपनाया है। पूरा मामला तब सामने आया जब शिवम चौबे नामक एक नागरिक ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘X’ पर अपनी समस्या साझा करते हुए सीधे मुख्यमंत्री को टैग कर मदद की गुहार लगाई। उन्होंने बताया कि उनका म्यूटेशन आवेदन पिछले दो माह से लंबित है, जिसमें कभी आपत्ति लगाई जाती है तो कभी हटाई जाती है, जबकि संबंधित कर्मचारी फोन तक नहीं उठा रहे हैं। इस शिकायत पर तत्काल संज्ञान लेते हुए मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने स्पष्ट निर्देश दिया कि जनता को अनावश्यक रूप से परेशान करने वाले किसी भी कर्मचारी को बख्शा नहीं जाएगा। उन्होंने गढ़वा उपायुक्त को निर्देश दिया है कि जिले में लंबित सभी म्यूटेशन मामलों की समीक्षा की जाए तथा जानबूझकर मामलों को लंबित रखने वाले अधिकारियों एवं कर्मचारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि सरकारी सेवाओं में बाधा डालने वाले बिचौलियों और लापरवाह कर्मियों को किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं किया जायेगा। सीएम के निर्देश के बाद गढ़वा जिला प्रशासन सक्रिय हो गया है। मेराल अंचल कार्यालय के संबंधित मामलों की जांच शुरू कर दी गई है। साथ ही सभी लंबित म्यूटेशन आवेदनों की सूची तैयार की जा रही है, ताकि उनका शीघ्र निष्पादन सुनिश्चित किया जा सके। इस घटनाक्रम से स्पष्ट है कि राज्य सरकार प्रशासनिक लापरवाही को लेकर अब बेहद सख्त रुख अपना रही है और नागरिकों को समयबद्ध एवं पारदर्शी सेवाएं उपलब्ध कराने पर विशेष जोर दे रही है।



