मुख्यमंत्री मईयां सम्मान योजना से महिलाओं को मिल रही नई पहचान, कोडरमा में बढ़ रही आत्मनिर्भरता
Women gaining a new identity through the 'Mukhyamantri Maiya Samman Yojana'; self-reliance growing in Koderma.

नेशनल प्रेस टाइम्स ब्यूरो।
रांची/ कोडरमा। आर्थिक रूप से सशक्त महिला ही मजबूत परिवार और समृद्ध समाज की आधारशिला होती है। इसी सोच के साथ झारखंड सरकार द्वारा संचालित मुख्यमंत्री मईयां सम्मान योजना कोडरमा जिले की हजारों महिलाओं के जीवन में सकारात्मक बदलाव ला रही है। योजना के तहत मिलने वाली नियमित आर्थिक सहायता महिलाओं के लिए केवल वित्तीय सहयोग नहीं, बल्कि आत्मविश्वास, आत्मसम्मान और आत्मनिर्भरता की नई शुरुआत बन रही है। जिले की अनेक महिलाओं ने योजना से प्राप्त राशि का उपयोग स्वरोजगार शुरू करने, छोटे व्यवसाय का विस्तार करने और परिवार की आर्थिक स्थिति मजबूत करने में किया है। आज ये महिलाएं न केवल अपने परिवार की आय बढ़ा रही हैं, बल्कि अन्य महिलाओं के लिए भी प्रेरणा बन रही हैं। चंदवारा प्रखंड की रीना देवी पहले बेरोजगार थीं। उन्होंने योजना से प्राप्त राशि को बचाकर कपड़ों की दुकान शुरू की। समय के साथ उनका व्यवसाय बढ़ा और आज वे आत्मनिर्भर होकर परिवार की आर्थिक जिम्मेदारियों में महत्वपूर्ण योगदान दे रही हैं। उनका कहना है कि यह योजना उनके जीवन में नई शुरुआत का माध्यम बनी है और भविष्य में वे अपने व्यवसाय का और विस्तार करना चाहती हैं। चंदवारा की गायत्री देवी ने योजना की सहायता राशि से किराना दुकान शुरू की। अब दुकान से होने वाली नियमित आय से परिवार की जरूरतें आसानी से पूरी हो रही हैं। उनका कहना है कि इस योजना ने उन्हें आत्मविश्वास दिया और अपने पैरों पर खड़े होने का अवसर प्रदान किया। जयनगर की पूजा देवी के पास पहले कोई स्थायी रोजगार नहीं था। योजना की सहायता से उन्होंने राशन दुकान का संचालन शुरू किया। आज वे सम्मानपूर्वक अपना व्यवसाय चला रही हैं और परिवार का भरण-पोषण स्वयं कर रही हैं। उनके अनुसार यह योजना आर्थिक सहायता के साथ सामाजिक सम्मान का भी आधार बनी है। जयनगर की सीमा देवी पहले से पूजा सामग्री और सब्जी की छोटी दुकान चलाती थीं। योजना से प्राप्त राशि को उन्होंने अपने व्यवसाय में निवेश किया, जिससे दुकान का विस्तार हुआ और आय में उल्लेखनीय वृद्धि हुई। अब उनका व्यवसाय पहले की तुलना में अधिक मजबूत और स्थिर हो गया है। मरकच्चो की नंदनी कुमारी ने योजना की सहायता से साबुन निर्माण कार्य को आगे बढ़ाया। आज वे स्थानीय स्तर पर गुणवत्तापूर्ण साबुन का उत्पादन कर रही हैं। इससे उनकी आय बढ़ने के साथ-साथ स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर भी सृजित हो रहे हैं। उनका मानना है कि यह योजना महिलाओं को आत्मनिर्भर बनने का वास्तविक अवसर प्रदान कर रही है। मरकच्चो की टुनी कुमारी ने योजना से मिलने वाली राशि को पूंजी के रूप में जोड़कर राशन दुकान की शुरुआत की। आज उनका व्यवसाय लगातार आगे बढ़ रहा है और परिवार की आर्थिक स्थिति पहले से अधिक मजबूत हुई है। वे भविष्य में अपने कारोबार का विस्तार करने की योजना बना रही हैं। मुख्यमंत्री मईयां सम्मान योजना कोडरमा जिले में महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण की दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है। नियमित आर्थिक सहायता से महिलाएं स्वरोजगार अपनाकर आत्मनिर्भर बन रही हैं, परिवार की आय बढ़ा रही हैं और समाज में अपनी अलग पहचान स्थापित कर रही हैं। इन महिलाओं की सफलता इस बात का प्रमाण है कि समय पर मिला सहयोग और अवसर किसी भी महिला के जीवन की दिशा बदल सकता है। मुख्यमंत्री मईयां सम्मान योजना आज महिलाओं के लिए केवल एक सरकारी योजना नहीं, बल्कि सम्मान, आत्मविश्वास, स्वावलंबन और उज्ज्वल भविष्य का मजबूत आधार बनकर उभरी है।



