पोडियम से परे: डीएसजे में प्रतिभा, परंपरा और विजय की एक झलक
दिल्ली स्कूल ऑफ जर्नलिज्म, दिल्ली विश्वविद्यालय में विद्यार्थी-शिक्षक संवाद एवं पुरस्कार वितरण समारोह का आयोजन

नेशनल प्रेस टाइम्स, ब्यूरो।
नई दिल्ली : “हारते वे हैं जो शिकायतें हज़ार करते हैं, जीतते वे हैं जो कोशिशें बार-बार करते हैं।”
ये प्रेरणादायक शब्द दिल्ली स्कूल ऑफ जर्नलिज़्म (डीएसजे) की मानद निदेशक प्रो. रमा ने जीवंत विद्यार्थी-शिक्षक संवाद एवं पुरस्कार वितरण के अवसर पर छात्र-छात्राओं को संबोधित करते हुए कहे।
उत्साह और उत्सव के उल्लास से भरपूर दिल्ली स्कूल ऑफ जर्नलिज़्म के विद्यार्थी-शिक्षक संवाद एवं पुरस्कार वितरण का आयोजन 31 अक्टूबर 2026 को हंसराज कॉलेज के सभागार में किया गया। इस आयोजन ने विद्यार्थियों को अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने का एक जीवंत मंच प्रदान किया, साथ ही प्राध्यापकों को कक्षा की पारंपरिक सीमाओं से परे उनसे जुड़ने का अवसर भी दिया।
कार्यक्रम का शुभारंभ मानद निदेशक प्रो. रमा, सहायक कुलसचिव प्रो. अश्विनी कुमार तथा सम्मानित संकाय सदस्यों द्वारा दीप प्रज्वलन के साथ हुआ। डीएसजे के ओएसडी डॉ. संजय वर्मा ने भी इस अवसर पर विद्यार्थियों को अपनी शुभकामनाएँ दीं।
डीएसजे के प्रतिभावान विद्यार्थियों ने इस रंगारंग कार्यक्रम को अपनी ऊर्जा से भरपूर और भावप्रवण प्रस्तुतियों माध्यम से एक यादगार उत्सव बना दिया। समारोह का मुख्य आकर्षण एफवाईआईपी (FYIP) प्रथम सेमेस्टर और एमजे (MJ) प्रथम सेमेस्टर के विद्यार्थियों के लिए मिस्टर एवं मिस फ्रेशर के ख़िताब की बहुप्रतीक्षित प्रतियोगिता रही। प्रतिभागियों ने स्वस्थ प्रतिस्पर्धा के बीच उत्साह बनाए रखा। उन्होंने निर्णायक मंडल के सम्मानित सदस्यों डॉ. अंशुला गर्ग, श्री नरेन सहाय और डॉ. ज्योति भारती, द्वारा पूछे गए गहन प्रश्नों के उतने ही तीक्ष्ण और सुविचारित उत्तर दिए।
प्रथम सेमेस्टर के आयुष करमाली ने मिस्टर फ्रेशर का खिताब जीता, जबकि इसी सेमेस्टर की आर्यांशी दुबे ने मिस फ्रेशर का खिताब अपने नाम किया। एमजे सेमेस्टर I में मिस्टर फ्रेशर और मिस फ्रेशर के खिताब क्रमशः प्रियांशु पांडेय और नोरा ने जीते।
बेस्ट ड्रेस्ड मेल का खिताब गीत गोविंद व मनन वार्ष्णेय (सेमेस्टर I) ने जीता, जबकि सेमेस्टर I से आयुषी वशिष्ठ ने बेस्ट ड्रेस्ड फीमेल का खिताब हासिल किया। MJ प्रथम वर्ष में बेस्ट ड्रेस्ड तेजस्विनी को मिला।
इस अवसर पर सह-पाठ्यचर्य गतिविधियों से जुड़े प्रतिभाशाली छात्रों को मानद निदेशक प्रो. रमा, सहायक कुलसचिव प्रो. अश्विनी कुमार द्वारा प्रमाण पत्र से सम्मानित किया गया।
सांस्कृतिक कार्यक्रम के संयोजक डॉ. यतिन बतरा और सह-संयोजक डॉ. पूर्णिमा ओझा ने पूरे कार्यक्रम का कुशलतापूर्वक संचालन किया। इसके साथ ही वरिष्ठ कक्षा के छात्रों ने अपने शिक्षकों के मार्गदर्शन में इस संपूर्ण कार्यक्रम के आयोजन को सफल बनाने में अहम भूमिका निभाई। डीएसजे के अन्य प्राध्यापकों ने भी इस पूरे आयोजन के दौरान सक्रिय रूप से अपनी भागीदारी दी।
निस्संदेह, यह डीएसजे के सभी संकाय सदस्यों और अत्यंत प्रतिभाशाली विद्यार्थियों के लिए हँसी-ख़ुशी और ऊर्जा से भरा एक यादगार समारोह था।



