बरेली
रिद्धिमा में लोक-रंग और तीखे व्यंग्य से भरपूर नाटक “दुलारी बाई” का मंचन
रुपया नहीं, रिश्तों और मानवीय संवेदनाओं को दें अहमियत

नेशनल प्रेस टाइम्स ,ब्यूरो
बरेली। एसआरएमएस रिद्धिमा में रविवार शाम मणिमधुकर लिखित हास्य-व्यंग्य से भरपूर नाटक ‘दुलारी बाई’ का मंचन हुआ। निर्देशक विनायक कुमार श्रीवास्तव ने धन-लोलुपता, स्वार्थ और सामाजिक विडम्बनाओं पर चोट करते हुए नाटक का मंचन किया। केंद्रीय पात्र दुलारी बाई की भूमिका विषा गंगवार और कल्लू भांड की भूमिका सूर्य प्रकाश ने निभाई। कटोरीमल का किरदार विनायक कुमार श्रीवास्तव ने स्वयं निभाया। हिरदयांश उपाध्याय, राज किशोर पाठक, निशांत कुमार, हर्ष यादव व प्रथम शर्मा ने अन्य पात्रों को जीवंत किया।
नाटक में दुलारी बाई की कंजूसी और हास्यास्पद परिस्थितियों के माध्यम से यह संदेश दिया गया कि धन से अधिक रिश्ते और मानवीय संवेदनाएं महत्वपूर्ण हैं। दीपकांत जोहरी व अनुग्रह सिंह ने संगीत दिया। साउंड अरुण सैनी व ज़ाफर और प्रकाश संचालन जसवंत ने किया।
इस अवसर पर एसआरएमएस ट्रस्ट के संस्थापक एवं अध्यक्ष देव मूर्ति जी, आदित्य मूर्ति जी, आशा मूर्ति जी, ऋचा मूर्ति जी, देविशा मूर्ति जी, उषा गुप्ता, सुभाष मेहरा, डॉ. एमएस बुटोला, डॉ. प्रभाकर गुप्ता, डॉ. अनुज कुमार, डॉ. शैलेश सक्सेना व डॉ. रीता शर्मा सहित गणमान्य उपस्थित रहे।




