
प्रोग्रेसिव पेंशनर्स एसोसिएशन के प्रांतीय सम्मेलन में बैतूल के पदाधिकारियों का सम्मान, वनपालों और सेवानिवृत्त कर्मचारियों के हित में किए प्रयासों की भी जानकारी
एक दशक के संघर्ष के बाद शिक्षकों को नियुक्ति तिथि से वेतनमान और एरियर्स देने की मंजूरी
नेशनल प्रेस टाइम्स, ब्यूरो
बैतूल। बालाघाट में 27 अक्टूबर को प्रोग्रेसिव पेंशनर्स एसोसिएशन मध्यप्रदेश का प्रांतीय सम्मेलन आयोजित किया गया। सम्मेलन में जनजातीय कार्य विभाग के शिक्षकों को प्रशिक्षण अवधि से पूर्ण वेतनमान दिलाने के लिए किए गए प्रयासों पर प्रांतीय अध्यक्ष ओमप्रकाश बुधोलिया, पूर्व जिलाध्यक्ष स्वर्गीय रामचरण साहू, वर्तमान जिलाध्यक्ष सुन्दरलाल कड़वे, संभागीय अध्यक्ष अशोक बोरखड़े, जिला सचिव शिवचरण हजारे, कार्यकारी अध्यक्ष जगन्नाथ पाठेकर और सहसचिव माखनलाल जीतपुरे का अभिनंदन पत्र, शॉल और श्रीफल भेंट कर सम्मान किया गया।
सम्मेलन में मुख्य अतिथि सांसद भारती पारधी और विशिष्ट अतिथि विधायक अनुभा मुंजारे को भी जनजातीय कार्य विभाग के शिक्षकों को प्रथम नियुक्ति तिथि से नियमित वेतनमान देने के निर्णय के लिए सम्मानित किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता प्रांतीय अध्यक्ष ओमप्रकाश बुधोलिया ने की। बैतूल जिले से जिलाध्यक्ष सुन्दरलाल कड़वे, संभागीय अध्यक्ष अशोक बोरखड़े, सचिव शिवचरण हजारे, कार्यकारी अध्यक्ष जगन्नाथ पाठेकर और सहसचिव माखनलाल जीतपुरे शामिल हुए।
संगठन के प्रयासों से मध्यप्रदेश वन विभाग के 285 वनपालों को समयमान वेतनमान का लाभ मिला, जिनमें बैतूल के 27 वनपाल शामिल हैं। इसके लिए तत्कालीन प्रमुख सचिव अशोक वर्णवाल और प्रमुख मुख्य वन संरक्षक अतुल कुमार मिश्र के प्रति आभार व्यक्त किया गया। वहीं, 30 जून को सेवानिवृत्त होने वाले कर्मचारियों को एक जुलाई की काल्पनिक वेतनवृद्धि का लाभ दिलाने के लिए 15 मार्च 2023 को शासनादेश जारी हुआ। इस मामले में 19 विभागों के 260 सेवानिवृत्त कर्मचारियों को लाभ दिलाने के लिए 60 याचिकाएं दायर की गईं।
संगठन के लगभग 10 वर्षों के प्रयासों के बाद 15 सितंबर 2026 को मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक में जनजातीय कार्य विभाग के शिक्षकों को प्रशिक्षण अवधि यानी प्रथम नियुक्ति तिथि से नियमित पूर्ण वेतनमान और एरियर्स देने की मंजूरी दी गई। इसका लाभ वर्ष 1973-74 से 1997-98 के बीच नियुक्त उपशिक्षकों, उपशाला शिक्षकों, प्रशिक्षणार्थी शिक्षकों, कनिष्ठ बोर्ड से चयनित शिक्षकों, ऑपरेशन ब्लैक बोर्ड योजना के शिक्षकों और सहायक शिक्षकों को मिलेगा। इससे पहले यह व्यवस्था स्कूल शिक्षा विभाग में लागू थी।
इस निर्णय से प्रदेश के 23 जनजातीय जिलों के 714 शिक्षक लाभान्वित होंगे, जिनमें बैतूल के 87 सूचीबद्ध सेवानिवृत्त जनजातीय शिक्षक शामिल हैं। पात्र शिक्षकों को क्रमोन्नति, वेतनवृद्धि, पेंशन, ग्रेच्युटी और अर्जित अवकाश के भुगतान में आर्थिक लाभ मिलेगा। निर्णय की जानकारी प्रभारी मंत्री एवं लोक स्वास्थ्य व चिकित्सा शिक्षा राज्य मंत्री नरेन्द्र शिवाजी पटेल ने दी।
इस मांग को पूरा कराने में केंद्रीय राज्य मंत्री एवं सांसद दुर्गादास उइके, जनजातीय कार्य मंत्री कुँवर विजय शाह, भाजपा प्रदेश अध्यक्ष एवं विधायक हेमन्त खण्डेलवाल, क्षेत्रीय विधायकों, जनजातीय कार्य विभाग के प्रमुख सचिव गुलशन बामरा और आयुक्त दिशा नागवंशी का योगदान रहा। संगठन ने मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव सहित संबंधित जनप्रतिनिधियों के प्रति आभार व्यक्त किया।



