भीषण शीतलहर के कारण यूपी में कक्षा 12वीं तक सभी स्कूल 1 जनवरी तक बंद
लखनऊ | उत्तर प्रदेश में कड़ाके की ठंड, घने कोहरे और भीषण शीतलहर के बढ़ते प्रकोप को देखते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बड़ा फैसला लिया है। सीएम योगी ने प्रदेश के सभी बोर्डों (यूपी बोर्ड, सीबीएसई, आईसीएसई सहित) के कक्षा 12वीं तक के स्कूलों को 1 जनवरी 2026 तक बंद रखने के सख्त निर्देश जारी किए हैं। यह आदेश सभी सरकारी, सहायता प्राप्त तथा निजी शिक्षण संस्थानों पर लागू होगा। यह निर्णय रविवार (28 दिसंबर) को जारी सरकारी निर्देशों के बाद लागू हो गया है। प्रदेश में लगातार गिरता तापमान, शून्य के करीब दृश्यता और शीतलहर के कारण बच्चों के स्वास्थ्य व सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए यह कदम उठाया गया है। भारतीय मौसम विभाग (आईएमडी) ने भी आने वाले दिनों में ठंड और कोहरे के जारी रहने का अलर्ट जारी किया है।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने जिलाधिकारियों को अलर्ट मोड पर रहने के निर्देश देते हुए कहा कि ठंड से किसी की जान खतरे में न पड़े। साथ ही सभी जिलों में रैन बसेरों की व्यवस्था मजबूत करने को कहा गया है, जिसमें गर्म कंबल, बिस्तर, पीने का पानी, अलाव और अन्य आवश्यक सुविधाएं सुनिश्चित की जाएं। सीएम ने स्वयं गोरखपुर में रैन बसेरों का निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया और जरूरतमंदों को कंबल व भोजन वितरित किया। इससे पहले कई जिलों में स्थानीय स्तर पर कक्षा 8वीं या 12वीं तक स्कूल बंद करने के आदेश जारी किए गए थे, लेकिन अब यह आदेश पूरे प्रदेश में एकसमान रूप से लागू कर दिया गया है। कई स्कूलों में पहले से विंटर वेकेशन चल रहा था, जिसे ठंड के कारण आगे बढ़ाया जा रहा है।
यह फैसला छात्रों की सुरक्षा को ध्यान में रखकर लिया गया है, ताकि सुबह की कड़ाकी ठंड और कोहरे में स्कूल आने-जाने से बच्चों को कोई खतरा न हो। स्कूल 1 जनवरी 2026 के बाद खुलेंगे, उसके बाद मौसम की स्थिति के आधार पर आगे का निर्णय लिया जाएगा। अभिभावकों व छात्रों से अपील की गई है कि वे मौसम अपडेट पर नजर रखें और ठंड से बचाव के आवश्यक उपाय अपनाएं। उत्तर प्रदेश सरकार की यह पहल जनता की सुरक्षा और बच्चों के स्वास्थ्य को प्राथमिकता देने वाली नीतियों का उदाहरण है।


