बेतुल
बैतूल मनरेगा उपयंत्रियों ने 8 सूत्रीय मांगें पूरी न होने पर शुरू किया कलमबंद आंदोलन
दस दिन की छुट्टी के बाद अब अनिश्चितकालीन हड़ताल जारी जनता हो रही परेशान

नेशनल प्रेस टाइम्स, ब्यूरो
बैतूल। मनरेगा अभियंता संघ मध्यप्रदेश के बैनर तले उपयंत्रियों ने अपनी 8 सूत्रीय मांगों के निराकरण के लिए दस दिवसीय अवकाश के बाद अब अनिश्चितकालीन कलमबंद आंदोलन शुरू करने का निर्णय लिया है। संघ की ओर से मुख्यमंत्री एवं पंचायत एवं ग्रामीण विकास मंत्री तथा, प्रमुख सचिव पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग तथा आयुक्त मनरेगा भोपाल को ज्ञापन भेजकर साफ कहा गया है कि जब तक उनकी मांगें पूरी नहीं होतीं, तब तक कलमबंद आंदोलन जारी रहेगा।प्रांतीय अध्यक्ष मनरेगा अभियंता संघ ने बताया कि उपयंत्री लंबे समय से शासन-प्रशासन को अपनी समस्याओं से अवगत करा रहे हैं, लेकिन अब तक कोई ठोस समाधान सामने नहीं आया है। इसी के चलते उपयंत्री मानसिक अवसाद में हैं और मजबूर होकर आंदोलन का रास्ता चुनना पड़ा है। संघ की 8 सूत्रीय मांगों में संविदा पारिश्रमिक को नियमित उपयंत्री के समकक्ष करने और वार्षिक वेतनवृद्धि देने, मृत्यु की स्थिति में आश्रितों को अनुकंपा नियुक्ति, किसी भी मामले में पद से हटाने के बजाय निलंबित करने का प्रावधान, आरईएस और मनरेगा उपयंत्रियों की संयुक्त वरिष्ठता सूची के आधार पर सहायक यंत्री का प्रभार देने का आदेश, ग्रेच्युटी भुगतान, संविदा नवीनीकरण पांच साल की सीआर के आधार पर करने, उपयंत्रियों से केवल तकनीकी कार्य ही कराने और हर माह की पहली तारीख को समय पर वेतन भुगतान सुनिश्चित करने जैसी प्रमुख मांगे शामिल हैं।
संघ ने चेतावनी दी है कि यदि मांगों का निराकरण नहीं हुआ और आंदोलनरत उपयंत्रियों पर दमनात्मक या दंडात्मक कार्रवाई की गई, तो इसके फलस्वरूप प्रदेश के 1335 उपयंत्रियों और उनके परिवारों को होने वाली शारीरिक या मानसिक क्षति की जिम्मेदारी शासन-प्रशासन की होगी साथ ही इनके हड़ताल पर बैठे रहने से ग्राम पंचायत के निर्माण कार्य मे जनता परेशान हो रही है




