बागपत
“त्वचा रोग को मामूली समझना पड़ सकता है भारी”
त्वचा रोग विशेषज्ञ डॉ. अरविंद कुमार से पत्रकार सुरेंद्र मलानिया की विशेष बातचीत

नेशनल प्रेस टाइम्स, ब्यूरो
बागपत। फंगल इंफेक्शन, दाद, खुजली, एलर्जी और अन्य त्वचा रोग अब केवल मौसमी समस्या नहीं रहे। पहले जहां बरसात में अधिक देखने को मिलने वाले त्वचा संक्रमण अब हर मौसम में तेजी से बढ़ रहे हैं। सबसे चिंताजनक बात यह है कि झोला छाप डॉक्टरों, बिना सलाह मेडिकल स्टोर से दवा लेने और स्टेरॉयड क्रीम के गलत इस्तेमाल ने इस समस्या को और गंभीर बना दिया है।
इन्हीं महत्वपूर्ण विषयों पर त्वचा रोग विशेषज्ञ डॉ. अरविंद कुमार से बातचीत की संवाददाता सुरेंद्र मलानिया ने। प्रस्तुत हैं बातचीत के प्रमुख अंश—
प्रश्न 1: डॉक्टर साहब, पहले फंगल इंफेक्शन को बरसात की बीमारी माना जाता था, लेकिन अब हर मौसम में इसके मरीज क्यों बढ़ रहे हैं?
उत्तर: डॉ. अरविंद कुमार
बिल्कुल, पहले नमी और बरसात के कारण यह संक्रमण अधिक होता था, लेकिन अब बदलती जीवनशैली, प्रदूषण, अत्यधिक पसीना, सिंथेटिक कपड़े, असंतुलित खानपान और स्वच्छता की कमी ने इसे सालभर की समस्या बना दिया है।
इसके अलावा आजकल लोग देर तक पसीने वाले कपड़े पहने रहते हैं, जिम के बाद सफाई नहीं रखते, और कई बार संक्रमण को शुरुआती स्तर पर नजरअंदाज कर देते हैं। यही कारण है कि फंगल इंफेक्शन तेजी से फैल रहा है।
प्रश्न 2: क्या झोला छाप डॉक्टर और मेडिकल स्टोर से सीधे दवा लेना भी बड़ी वजह है?
उत्तर: डॉ. अरविंद कुमार
यह सबसे बड़ी वजहों में से एक है। कई लोग खुजली या दाद होते ही किसी झोला छाप डॉक्टर के पास चले जाते हैं या मेडिकल स्टोर से बिना जांच क्रीम ले आते हैं।
ऐसी क्रीम में अक्सर स्टेरॉयड मिला होता है, जिससे कुछ दिन आराम मिलता है, लेकिन बीमारी अंदर से बढ़ती रहती है। बाद में संक्रमण ज्यादा फैल जाता है, त्वचा खराब होती है और इलाज लंबा चल सकता है।
प्रश्न 3: स्टेरॉयड क्रीम के गलत उपयोग से क्या नुकसान हो सकते हैं?
उत्तर: डॉ. अरविंद कुमार
स्टेरॉयड क्रीम का बिना सलाह उपयोग बेहद खतरनाक हो सकता है।
इससे—
• त्वचा पतली हो सकती है
• संक्रमण दबकर अधिक फैल सकता है
• बार-बार बीमारी लौट सकती है
• त्वचा पर काले निशान पड़ सकते हैं
• दवा का असर कम हो सकता है
इसलिए कोई भी क्रीम केवल विशेषज्ञ की सलाह से ही उपयोग करनी चाहिए।
प्रश्न 4: किन लोगों में यह संक्रमण अधिक देखने को मिलता है?
उत्तर: डॉ. अरविंद कुमार
डायबिटीज मरीज, अधिक पसीना आने वाले लोग, तंग कपड़े पहनने वाले, खेलकूद करने वाले युवा, कमजोर प्रतिरोधक क्षमता वाले व्यक्ति और वे लोग जो स्वच्छता में लापरवाही करते हैं—इनमें यह अधिक होता है।
प्रश्न 5: फंगल इंफेक्शन के सामान्य लक्षण क्या हैं?
उत्तर: डॉ. अरविंद कुमार
त्वचा पर गोल लाल चकत्ते, खुजली, जलन, पपड़ी, सफेद या काले दाग, जांघों या बगल में खुजली—ये प्रमुख संकेत हैं।
यदि समय रहते उपचार न हो तो यह तेजी से फैल सकता है।
प्रश्न 6: क्या सिर्फ फंगल इंफेक्शन ही बढ़ रहा है या अन्य त्वचा रोग भी?
उत्तर: डॉ. अरविंद कुमार
आज एलर्जी, एक्जिमा, सोरायसिस, मुंहासे, बाल झड़ना, सफेद दाग और स्केबीज जैसे रोग भी तेजी से बढ़ रहे हैं।
प्रदूषण, तनाव और गलत उत्पादों का उपयोग त्वचा की प्राकृतिक सुरक्षा को कमजोर कर रहा है।
प्रश्न 7: जनता के लिए आपका सबसे बड़ा संदेश क्या है?
उत्तर: डॉ. अरविंद कुमार
त्वचा रोग को मामूली समझकर नजरअंदाज न करें।
योग्य डॉक्टर से सलाह लें, झोला छाप इलाज से बचें, मेडिकल स्टोर से खुद दवा न लें और स्वच्छता को प्राथमिकता दें।
थोड़ी लापरवाही बड़ी बीमारी में बदल सकती है।
टिप्पणी:
त्वचा हमारे शरीर की सुरक्षा कवच है। थोड़ी सी लापरवाही, गलत इलाज या बिना सलाह दवा लेने की आदत आज बड़ी स्वास्थ्य चुनौती बनती जा रही है। डॉ. अरविंद कुमार की सलाह साफ है—सही जानकारी, सही उपचार और जागरूकता ही बचाव है।
फंगल इंफेक्शन और अन्य त्वचा रोगों के बढ़ते मामलों के बीच जरूरत है जागरूक समाज की, जो सस्ते और गलत इलाज के बजाय सही चिकित्सकीय सलाह को महत्व दे। क्योंकि त्वचा की बीमारी छोटी दिख सकती है, लेकिन लापरवाही इसे बड़ा संकट बना सकती है।



