कैराना
मुख्यमंत्री के आदेशों को ठेंगा, सड़क पर सज रही अवैध लकड़ी मंडी से ठप हो रहा आवागमन
शोरूम के बाहर ट्रैक्टर-ट्रॉलियों का कब्जा, विरोध करने पर व्यापारी से मारपीट और धमकी के आरोप

नेशनल प्रेस टाइम्स, ब्यूरो
कैराना। प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सड़क और सार्वजनिक रास्तों पर अतिक्रमण व आवागमन बाधित होने पर संबंधित अधिकारियों की जवाबदेही तय करने के स्पष्ट निर्देश दे रखे हैं, लेकिन कैराना में इन आदेशों को खुलेआम धता बताया जा रहा है। नगर के मोहल्ला आलकलां में सड़क पर बाकायदा अवैध लकड़ी मंडी सजाई जा रही है, जिससे लोगों का आवागमन प्रभावित हो रहा है। हालात यह हैं कि ट्रैक्टर-ट्रॉलियों और पिकअप वाहनों के जमावड़े से रास्ता तक संकरा हो गया है। विरोध करने पर व्यापारी से मारपीट और धमकी देने के आरोप भी लगे हैं।
मोहल्ला आलकलां निवासी नजाकत पुत्र बदरूद्दीन ने कोतवाली में दी तहरीर में बताया कि उसका एचपी पेट्रोल पंप के निकट फर्नीचर शोरूम है, जिससे वह परिवार का पालन-पोषण करता है। आरोप है कि मोहल्ले का ही एक व्यक्ति अपने 4-5 साथियों के साथ रोजाना शोरूम के बाहर लकड़ियों से भरी ट्रैक्टर-ट्रॉलियां और पिकअप खड़ी कर अवैध लकड़ी मंडी संचालित कर रहा है। इससे ग्राहकों का आना-जाना प्रभावित हो रहा है और व्यापार चौपट होने की कगार पर पहुंच गया है। पीड़ित व्यापारी का आरोप है कि लकड़ियों से भरे वाहन कई बार दुकान के बाहर रखे सामान में टक्कर मार चुके हैं, जिससे हजारों रुपये का नुकसान हो चुका है। जब भी इसका विरोध किया जाता है तो आरोपी पक्ष गाली-गलौज, मारपीट और धमकियों पर उतर आता है। तहरीर में बताया गया कि गुरुवार शाम करीब 6:25 बजे आरोपी अपने साथियों के साथ लकड़ियों से भरी गाड़ी लेकर शोरूम के सामने पहुंचा और वाहन को आगे-पीछे करने के दौरान दुकान के बाहर रखा सामान क्षतिग्रस्त कर दिया। विरोध करने पर आरोपियों ने अभद्रता करते हुए मारपीट का प्रयास किया तथा जान से मारने की धमकी दी। किसी तरह व्यापारी ने मौके से हटकर खुद को बचाया। सबसे बड़ा सवाल यह है कि मुख्यमंत्री के सख्त आदेशों के बावजूद सड़क पर खुलेआम अवैध मंडी कैसे संचालित हो रही है? आखिर आवागमन बाधित होने और व्यापारियों को परेशान किए जाने के बावजूद जिम्मेदार अधिकारी कार्रवाई क्यों नहीं कर रहे? पीड़ित ने पुलिस से आरोपियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई करने और सड़क पर लग रही अवैध लकड़ी मंडी को तत्काल बंद कराने की मांग की है।

