गोड्डा
108 एंबुलेंस हुई फेल, पुलिस जीप बनी सहारा
गोड्डा की घटना ने झारखंड के स्वास्थ्य व्यवस्था की खोली पोल

नेशनल प्रेस टाइम्स, ब्यूरो
गोड्डा। झारखंड सरकार चाहे स्वास्थ्य व्यवस्था को लेकर लाख दावे कर ले, लेकिन गोड्डा जिले से सामने आई यह तस्वीर उन दावों की जमीनी हकीकत बयां कर रही है। मामला गोड्डा जिले के ग्राम नूनबट्टा का है, जहां एक गर्भवती महिला को अचानक प्रसव पीड़ा शुरू हुई। परिजनों ने तुरंत 108 एंबुलेंस सेवा को सूचना दी, लेकिन आरोप है कि काफी इंतजार के बावजूद एंबुलेंस समय पर नहीं पहुंची।
स्थिति गंभीर होती देख स्थानीय पुलिस ने मानवता दिखाते हुए अपनी पेट्रोलिंग गाड़ी से गर्भवती महिला को सदर अस्पताल भेजवाया। अब सवाल यह उठता है कि आखिर करोड़ों रुपये खर्च होने के बावजूद ग्रामीण इलाकों में स्वास्थ्य सेवाएं इतनी लाचार क्यों हैं? क्या झारखंड की स्वास्थ्य व्यवस्था पूरी तरह चरमरा चुकी है? क्या आम लोगों की जिंदगी अब भगवान भरोसे है? सरकार और स्वास्थ्य विभाग बड़े-बड़े वादे तो करते हैं, लेकिन गोड्डा की यह घटना बता रही है कि जमीनी स्तर पर व्यवस्था कितनी बदहाल है।
झारखंड के स्वास्थ्य मंत्री लगातार बेहतर स्वास्थ्य सेवाओं के दावे करते हैं, लेकिन यह तस्वीर उन दावों पर बड़ा सवाल खड़ा कर रही है। अगर समय रहते पुलिस मदद नहीं करती, तो किसी बड़ी अनहोनी से इनकार नहीं किया जा सकता था। अब देखने वाली बात होगी कि मामले में स्वास्थ्य विभाग की ओर से संज्ञान लिया जा रहा है या नहीं..!



