झुंझुनू
दिल्ली के संसद घेराव में बरसे गैस के गोलों से आदिवासी नेता सुरेश मीणा किशोरपुरा की तबीयत खराब
2 दिन बाद भी आंखों पर जाला अस्पताल में भर्ती होने की सलाह

जंतर-मंतर पर हो गए थे एक बार के लिए अचेत
नेशनल प्रेस टाइम्स, ब्यूरो।
झुंझुनूं चंवरा। नीट स्टूडेंट प्रदीप मेघवाल प्रकरण में निष्पक्ष जांच की मांग को लेकर उदयपुरवाटी उपखंड क्षेत्र से उनके परिजनों के साथ मीन सेना के प्रदेश अध्यक्ष सुरेश मीणा किशोरपुरा और रवींद्र सिंह पौंख ने भी दिल्ली में जंतर-मंतर पर आयोजित संसद घेराव में शामिल हुए थे। सुरेश मीणा किशोरपुरा ने बताया कि सोमवार को प्रदर्शनकारी जंतर मंतर से शांतिपूर्ण तरीके से अपनी मांगों को लेकर संसद तक मार्च कर रहे थे तभी छात्र-छात्राओं और अभिभावकों पर पुलिस द्वारा लाठी चार्ज और आंसू गैस के गोले दागे गए। जिससे कई छात्र छात्राओं सहित प्रदर्शनकारी घायल हो गए। आंसू गैस के गोलों से निकले धुएं की चपेट में आने से आदिवासी नेता सुरेश मीणा किशोरपुरा की तबीयत बिगड़ गई। उनके दो दिन बाद भी आंखों पर जाला फिरा हुआ है। वहीं स्वांस लेने में भी हल्की दिक्कत महसूस हो रही है। ऐसे में स्थानीय डॉक्टरों ने उन्हें आंखों के अस्पताल में भर्ती होने की सलाह दी है। हालांकि सुरेश मीणा किशोरपुरा ने कहा कि अफवाहों से सावधान रहें मेरे ज्यादा कोई तकलीफ नहीं है। आंसू गैस के गोलों की चपेट में आने से मेरी आंखें अच्छे ढंग से खुल नहीं रही हैं और थोड़ी स्वांस लेने में भी दिक्कत है। आंखों में जलन है दिल और दिमाग में भी बेचैनी है। बुधवार को जयपुर में अच्छे चिकित्सक से इलाज लेंगे।


