गोड्डा
जनता दरबार से संबंधित विभिन्न विभागों के 218 लंबित मामलों की हुई समीक्षा
संबंधित पदाधिकारियों को त्वरित कार्रवाई के निर्देश

नेशनल प्रेस टाइम्स, ब्यूरो
गोड्डा। वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से जिला दंडाधिकारी सह उपायुक्त लोकेश मिश्रा की अध्यक्षता में जनता दरबार में प्राप्त जनशिकायतों एवं आवेदनों के निष्पादन की स्थिति को लेकर समीक्षा बैठक आयोजित की गई।
बैठक में विभिन्न विभागों से संबंधित लंबित मामलों की समीक्षा करते हुए उनके त्वरित एवं समयबद्ध निष्पादन को लेकर संबंधित पदाधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। बैठक के दौरान उपायुक्त लोकेश मिश्रा ने जनता दरबार में प्राप्त आवेदनों के निष्पादन की विभागवार समीक्षा की। इस क्रम में विभिन्न विभागों से संबंधित कुल 218 लंबित मामलों पर विचार-विमर्श किया गया। उपायुक्त ने संबंधित पदाधिकारियों से लंबित मामलों की अद्यतन स्थिति की जानकारी लेते हुए निर्देश दिया कि प्रत्येक मामले की गंभीरता एवं प्राथमिकता के आधार पर जांच करते हुए नियमानुसार आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
उपायुक्त ने कहा कि जनता दरबार में आमजनों द्वारा अपनी समस्याओं एवं शिकायतों को लेकर आवेदन प्रस्तुत किए जाते हैं। ऐसे मामलों में प्रशासन की जिम्मेदारी है कि आवेदनों पर संवेदनशीलता एवं गंभीरता के साथ कार्रवाई करते हुए शिकायतकर्ताओं को समयबद्ध तरीके से उचित समाधान उपलब्ध कराया जाए। उन्होंने सभी संबंधित पदाधिकारियों को निर्देश दिया कि लंबित मामलों को अनावश्यक रूप से लंबित न रखें तथा एक सप्ताह के भीतर मामलों का निष्पादन सुनिश्चित करें। उन्होंने कहा कि जिन मामलों में स्थल जांच, अभिलेखों के सत्यापन अथवा अन्य विभागों से समन्वय की आवश्यकता है, उनमें भी त्वरित कार्रवाई करते हुए आवश्यक जांच पूरी की जाए। साथ ही जांच के उपरांत पात्र लाभुकों को नियमानुसार योजनाओं एवं सेवाओं का लाभ उपलब्ध कराने की दिशा में कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। समीक्षा के दौरान उपायुक्त ने सभी संबंधित पदाधिकारियों को निर्देशित किया कि जिले में जनशिकायतों से संबंधित सभी लंबित संचिकाओं का यथाशीघ्र निष्पादन किया जाए। उन्होंने कहा कि शिकायतों के निष्पादन की प्रक्रिया केवल कागजी कार्रवाई तक सीमित न रहे, बल्कि शिकायतकर्ता की वास्तविक समस्या का समाधान सुनिश्चित होना चाहिए। उपायुक्त ने विशेष रूप से सभी प्रखंड विकास पदाधिकारियों को निर्देश देते हुए कहा कि प्रधानमंत्री आवास योजना एवं पेंशन योजना से संबंधित मामलों पर स्वयं संज्ञान लेते हुए पात्र लाभुकों की पहचान करें तथा उन्हें नियमानुसार योजनाओं का लाभ उपलब्ध कराना सुनिश्चित करें। उन्होंने कहा कि किसी भी पात्र व्यक्ति को योजना के लाभ से वंचित नहीं होना चाहिए तथा अपात्र व्यक्तियों को लाभ न मिले, इसके लिए आवश्यक सत्यापन एवं जांच सुनिश्चित की जाए। उन्होंने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के दौरान संबंधित पदाधिकारियों को निर्देशित किया कि जनता दरबार में प्राप्त आवेदनों की नियमित मॉनिटरिंग करते हुए प्रत्येक मामले की प्रगति पर नजर रखें। साथ ही, निष्पादित मामलों की अद्यतन स्थिति संबंधित अभिलेखों में दर्ज करने तथा आवश्यकतानुसार शिकायतकर्ता को भी कार्रवाई की जानकारी उपलब्ध कराने को कहा गया। बैठक में उपायुक्त ने कहा कि जनशिकायतों का त्वरित एवं गुणवत्तापूर्ण निष्पादन जिला प्रशासन की प्राथमिकता है। आमजनों की समस्याओं के समाधान में किसी भी स्तर पर लापरवाही अथवा अनावश्यक विलंब बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने सभी पदाधिकारियों को आपसी समन्वय के साथ कार्य करते हुए लंबित मामलों का समयबद्ध निष्पादन सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के दौरान उप विकास आयुक्त विस्पुते श्री कांत यशवंत सहित संबंधित विभागों के वरीय पदाधिकारी, विभिन्न प्रखंडों के प्रखंड विकास पदाधिकारी एवं विभिन्न कार्यालयों के कार्यालय प्रधान उपस्थित थे।



