
नेशनल प्रेस टाइम्स, ब्यूरो
अमरोहा हसनपुर। कोतवाली क्षेत्र के गांव हथियाखेड़ा में शनिवार शाम बिजली का करंट लगने से 40 वर्षीय किसान की मौत हो गई। हादसे के बाद परिजनों में चीख-पुकार मच गई। परिजन गंभीर हालत में किसान को उपचार के लिए निजी अस्पताल ले गए, जहां चिकित्सकों ने प्राथमिक उपचार के बाद हालत नाजुक देखते हुए हायर सेंटर रेफर कर दिया। मेरठ पहुंचने पर चिकित्सकों ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया।
जानकारी के अनुसार गांव हथियाखेड़ा निवासी जगदीश पुत्र कृपाल सिंह शनिवार शाम अपने घर में बिजली के पंखे के तार जोड़ रहे थे। इसी दौरान अचानक नंगे तारों की चपेट में आने से उन्हें जोरदार करंट लग गया और वह गंभीर रूप से झुलस गए। परिजनों ने आनन-फानन में उन्हें नगर के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया। वहां प्राथमिक उपचार के बाद हालत गंभीर होने पर चिकित्सकों ने हायर सेंटर रेफर कर दिया। परिजन उन्हें लेकर मेरठ पहुंचे, लेकिन वहां चिकित्सकों ने मृत घोषित कर दिया।
बिना कानूनी कार्रवाई के किया अंतिम संस्कार
जगदीश की मौत की सूचना मिलते ही परिवार में मातम छा गया। रविवार सुबह परिजनों ने बिना किसी कानूनी कार्रवाई के शव का अंतिम संस्कार कर दिया। किसान की असामयिक मौत से गांव में भी शोक का माहौल है। बताया गया कि जगदीश खेती-बाड़ी कर अपने परिवार का पालन-पोषण करते थे। उनके पीछे पत्नी शरबती और चार बेटे रवींद्र, पिंटू, कपिल व जितेंद्र हैं।
हसनपुर कोतवाली प्रभारी राजेश तिवारी ने बताया कि करंट लगने की घटना अथवा मृतक के अंतिम संस्कार के संबंध में पुलिस को अभी तक कोई सूचना प्राप्त नहीं हुई है। उन्होंने कहा कि सूचना मिलने पर मामले में नियमानुसार आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।




