जामताड़ा
चलते-चलते टूटा चक्का, बाल-बाल बचे ग्राहक
क्या JVK Gamma और डीलर पर होगी सख्त प्रशासनिक कार्रवाई

नेशनल प्रेस टाइम्स, ब्यूरो।
इलेक्ट्रिक वाहनों (EV) के नाम पर क्या भारतीय ग्राहकों को घटिया गुणवत्ता और जानलेवा बनावट सौंपी जा रही है?
जामताड़ा जिले के कर्माटांड़ से एक ऐसा ही रोंगटे खड़े कर देने वाला मामला सामने आया है, जहाँ एक JVK Gamma ई-बाइक चलती सड़क पर अचानक दो टुकड़ों में बंटने की कगार पर पहुँच गई। चलती हुई समतल सड़क पर अचानक गाड़ी का पिछला चक्का टूटकर बाहर निकल गया, जिससे चालक बाल-बाल बचा। यह सनसनीखेज घटना कर्माटांड़ स्थित बाबा ई-व्हीकल (BABA E-VEHICLE) शोरूम से खरीदी गई JVK Gamma बाइक की है। पीड़ित ग्राहक अशोक कुमार मंडल पिता: सतजीत मंडल, निवासी हेठ कर्माटांड़ ने कंपनी और डीलर पर घटिया क्वालिटी और मानकों की अनदेखी करने का सीधा आरोप लगाया है।
पीड़ित ग्राहक के अनुसार, वह अपने निजी काम से घर से निकले थे। सड़क पूरी तरह प्लेन थी—न कोई गड्ढा था, न ही कोई जरकिन। इसके बावजूद अचानक चलती गाड़ी का पिछला चक्का टूटकर बाहर फेंक दिया।
अगर उस समय पीछे से कोई तेज रफ्तार वाहन आ रहा होता या गाड़ी में कोई बच्चा बैठा होता, तो बड़ा हादसा होना तय था। गाड़ी में सुरक्षा नाम की कोई चीज़ नहीं है। आए दिन कुछ न कुछ टूटता रहता है। घटना के बाद गाड़ी बंद हो गई और उसे किसी तरह धक्का मारकर घर पहुँचाया गया। पीड़ित का कहना है कि कंपनी और शोरूम प्रबंधन को जब इसकी शिकायत दी गई, तो उनकी तरफ से कोई संतोषजनक जवाब या सपोर्ट नहीं मिला। 70 की रफ्तार, फिर भी बिना रजिस्ट्रेशन क्यों? RTO और प्रशासन की कार्यशैली पर सवाल!
इस पूरे मामले में सबसे बड़ा कानून-उल्लंघन जो सामने आया है, वह है वाहन की गति और रजिस्ट्रेशन का। नियम क्या कहता है? भारत में 25 km से अधिक रफ्तार वाली किसी भी इलेक्ट्रिक बाइक का RTO रजिस्ट्रेशन और नंबर प्लेट होना अनिवार्य है।सच्चाई क्या है? यह JVK Gamma बाइक 70 से हाई-स्पीड पर दौड़ती है, लेकिन इसके बावजूद दुकानदार द्वारा ग्राहक को कोई रजिस्ट्रेशन नंबर नहीं दिया गया।
यह सीधे तौर पर सड़क सुरक्षा नियमों की धज्जियाँ उड़ाने और टैक्स/रजिस्ट्रेशन नियमों की अनदेखी का मामला प्रतीत होता है। स्थानीय नागरिकों ने सवाल उठाया है कि आखिर कर्माटांड़ और जामताड़ा प्रशासन ऐसे हाई-स्पीड वाहनों की जांच क्यों नहीं कर रहा है?
चलते-चलते पिछला चक्का टूटना, 70+ स्पीड होने पर भी बिना नंबर प्लेट बिक्री, नो कस्टमर सपोर्ट स्पीड की जांच कब होगी? 70 की स्पीड से चलने वाली ई-बाइक बिना RTO रजिस्ट्रेशन और नंबर प्लेट के सड़कों पर कैसे दौड़ रही हैं? शोरूम पर कार्रवाई क्यों नहीं? क्या परिवहन विभाग कर्माटांड़ स्थित बाबा ई-व्हीकल जैसे शोरूम्स के स्टॉक और बिक्री कागजातों की जांच करेगा?
मानकों की अनदेखी का जिम्मेदार कौन? घटिया स्पेयर पार्ट्स और कमजोर बॉडी फ्रेम के साथ वाहन बेचकर लोगों की जान जोखिम में डालने वाली JVK Gamma कंपनी पर क्या एक्शन लिया जाएगा? ग्राहक के नुकसान की भरपाई कौन करेगा? जब गाड़ी हर दिन टूट रही है और कस्टमर सपोर्ट शून्य है, तो उपभोक्ता फोरम इस पर संज्ञान कब लेगा?
यदि आप भी jvk इलेक्ट्रिक बाइक या स्कूटी खरीदने की योजना बना रहे हैं, तो सावधान रहें!
बिना RTO रजिस्ट्रेशन वाले हाई-स्पीड वाहनों को बिल्कुल न खरीदें। वाहन के फ्रेम, पहिए और सुरक्षा बिल्ड-क्वालिटी की जांच जरूर करें। अपनी मेहनत की कमाई को किसी घटिया ब्रांड या गैर-जिम्मेदार डीलर के हाथों बर्बाद न होने दें। आपकी राय क्या है?
क्या ऐसी लापरवाही बरतने वाली कंपनियों और डीलरों के लाइसेंस रद्द होने चाहिए? नीचे कमेंट बॉक्स में अपनी राय जरूर दर्ज करें और इस खबर को ज्यादा से ज्यादा शेयर करें ताकि अन्य लोग ठगी और दुर्घटना का शिकार होने से बच सकें!




