गाजियाबाद
गाजियाबाद में 15 प्लॉटों पर कब्जा
भूमाफियाओं पर सख्त कार्रवाई की मांग, FIR दर्ज करने का दबाव बढ़ा
नेशनल प्रेस टाइम्स,ब्यूरो।
लोनी गाजियाबाद : नंदग्राम थाना क्षेत्र के ग्राम अटोर स्थित ग्रीन सिटी विलेज में भूमाफियाओं द्वारा कथित रूप से 15 गरीब परिवारों के प्लॉट पर कब्जा करने का मामला सामने आया है। इस घटना के बाद पीड़ित परिवारों ने पुलिस-प्रशासन से दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। पीड़ित परिवारो का कहना है कि वर्षों पहले कृषि भूमि पर विकसित इस कॉलोनी में सुशील कुमार निर्वाण, कपिल शर्मा और धर्मवीर सिंह नामक व्यक्तियों द्वारा प्लॉट बेचे गए थे। लोगों ने विधिवत रजिस्ट्री कराकर अपने प्लॉट खरीदे थे। लेकिन रविवार को जब कुछ लोग अपने प्लॉट पर पहुंचे, तो वहां की स्थिति पूरी तरह बदली हुई मिली। प्लॉटों की चारदीवारी भूमाफियाओं द्वारा तोड़ दी गई थी और उनकी जगह अवैध रूप से मिट्टी का रास्ता बना दिया गया था। सूचना मिलते ही अन्य पीड़ित भी मौके पर पहुंचे। जानकारी करने पर पता चला कि करीब 15 प्लॉटों पर भूमाफियाओं ने कब्जा कर लिया है। पीड़ितों का आरोप है कि यह काम दबंग और बाहरी तत्वों की मदद से किया गया तथा विरोध करने पर उन्हें धमकाया भी गया।
इस मामले में सभी पीड़ितों ने थाना नंदग्राम में अपनी लिखित शिकायत दर्ज कराई है। अधिवक्ता वैभव सिन्हा के माध्यम से दी गई शिकायत में भारतीय न्याय संहिता 2023 की धारा 329 और 333 के तहत मुकदमा दर्ज करने, अवैध कब्जा हटाने और निर्माण कार्य पर रोक लगाने की मांग की गई है। साथ ही प्रत्येक पीड़ित ने 5 लाख रुपये के मुआवजे का दावा भी सुरक्षित रखा है। पीड़ित परिवारो में शरद सिन्हा, प्रेम लता त्यागी, अनुनय कुमार श्रीवास्तव, रागिनी सिंह, ललन कुमार, आर्टी सिंह, रेणु सिंह, अरुण कुमार सिंह, स्वाति, ज्योति सिंह और सौरभ अग्रवाल समेत कुल 15 लोग शामिल हैं। सभी के प्लॉट क्षेत्रक्रम संख्या 336 में स्थित बताए गए हैं।
पीड़ितों का यह भी आरोप है कि मुख्य आरोपी पहले भी जमीन से जुड़े विवादों में शामिल है और उसके खिलाफ कई मामले न्यायालय में लंबित व विचाराधीन हैं। अब इस मामले में पीड़ित परिवार की नजर पुलिस और प्रशासन की कार्रवाई पर टिकी है। देखना होगा कि शिकायत के आधार पर कितनी जल्दी प्राथमिकी दर्ज होती है या यह मामला भी पुलिस कि कार्यप्रणाली के दांव-पेंच में उलझे कर रह जाएगा



