आवारा कुत्तों की नसबंदी, टीकाकरण व उपचार सुनिश्चित करने के दिए निर्देश
Instructions given to ensure sterilization, vaccination and treatment of stray dogs

नेशनल प्रेस टाइम्स ब्यूरो।
माननीय उच्चतम न्यायालय द्वारा निर्गत आदेशों के अनुपालन के आलोक में उपायुक्त मनीष कुमार, सह-अध्यक्ष, जिला पशु क्रूरता निवारण समिति की अध्यक्षता में एनिमल बर्थ कंट्रोल एवं रेबीज उन्मूलन के प्रभावी क्रियान्वयन हेतु सभी सम्बन्धित हितधारकों के साथ समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक का उद्देश्य एनिमल बर्थ कंट्रोल के लिए निर्धारित मानक संचालन प्रक्रिया को धरातल पर प्रभावी रूप से लागू करना था। बैठक के दौरान उपायुक्त मनीष कुमार ने आवारा कुत्तों की नियमानुसार नसबंदी, नियमित टीकाकरण एवं कृमिनाशक दवा की खुराक सुनिश्चित करने के संबंध में आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि जनस्वास्थ्य की सुरक्षा के साथ-साथ पशु कल्याण को भी प्राथमिकता दी जानी चाहिए। उपायुक्त ने बीमार एवं घायल कुत्तों के समुचित उपचार, आवासन एवं देखभाल हेतु जिले में आश्रय गृह की स्थापना सुनिश्चित करने का निर्देश दिया, ताकि पशुओं को मानवीय एवं सुरक्षित वातावरण उपलब्ध कराया जा सके। स्वास्थ्य विभाग को निर्देशित किया गया कि जिले के सभी श्रेणी के अस्पतालों एवं स्वास्थ्य संस्थानों में एंटी रेबीज वैक्सीन एवं रेबीज इम्यूनोग्लोबुलिन की पर्याप्त उपलब्धता हर समय सुनिश्चित की जाए, ताकि रेबीज से पीड़ित व्यक्तियों का समय पर उपचार किया जा सके। इसके अतिरिक्त रेबीज की रोकथाम एवं बचाव को लेकर सभी विद्यालयों में विशेष जागरूकता कार्यक्रम आयोजित करने का निर्देश दिया गया, ताकि स्कूली बच्चों को रेबीज से बचाव, सावधानियों एवं प्राथमिक उपचार की जानकारी दी जा सके। उपायुक्त मनीष कुमार ने कहा कि रेबीज एक जानलेवा बीमारी है, जिसकी रोकथाम एवं उन्मूलन के लिए प्रशासन, स्वास्थ्य विभाग, नगर परिषद, पशुपालन विभाग तथा समाज के सभी वर्गों को मिलकर समन्वित प्रयास करने होंगे। उन्होंने सभी हितधारकों से गंभीरता एवं संवेदनशीलता के साथ कार्य करने की अपील की। बैठक में सिविल सर्जन, जिला पशुपालन पदाधिकारी, जिला गव्य विकास पदाधिकारी, प्रशासक, नगर परिषद समेत अन्य उपस्थित थे।



